बिजनेस

हिंडनबर्ग के आरोपों को अडानी समूह ने बताया 'झूठा' पलटवार पर रिसर्च फर्म ने दिया ये जवाब

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jan 30, 2023, 11:46 AM IST

Adani Group Response on Hindenburg Report: अडानी समूह ने अपने जवाब में कहा है कि यह केवल किसी खास कंपनी पर एक अवांछित हमला नहीं है, बल्कि भारत, भारतीय संस्थाओं की स्वतंत्रता, अखंडता और गुणवत्ता तथा भारत की विकास गाथा एवं महत्वाकांक्षाओं पर एक सुनियोजित हमला है।

Image

हिंडनबर्ग रिपोर्ट पर अडानी समूह का पलटवार

Photo : BCCL

Adani Group Response on Hindenburg Report:रिसर्च फर्म हिंडनबर्ग के आरोपों पर अडानी समूह ने पलटवार किया है। उन्होंने रिपोर्ट को भारत, उसकी संस्थाओं और उसके विकास की गाथा पर सुनियोजित हमला बताया है। समूह ने रिपोर्ट में लगाए गए आरोपों को ‘‘झूठ के सिवाय कुछ नहीं’’ बताया है। अपने 413 पन्नों के जवाब में अडानी समूह ने कहा है कि हिंडनबर्ग की रिपोर्ट ‘‘मिथ्या धारणा बनाने’’ की ‘‘छिपी हुई मंशा’’ से प्रेरित है, ताकि अमेरिकी कंपनी को वित्तीय लाभ मिल सके। वहीं अडानी समूह के पलटवार पर टिप्पणी करते हुए हिंडनबर्ग ने सोमवार को कहा है कि‘राष्ट्रवाद’से ढंका नहीं जा सकता।

413 पन्नों के जवाब में क्या कहा

अडानी समूह ने अपने जवाब में कहा है कि यह केवल किसी खास कंपनी पर एक अवांछित हमला नहीं है, बल्कि भारत, भारतीय संस्थाओं की स्वतंत्रता, अखंडता और गुणवत्ता तथा भारत की विकास गाथा एवं महत्वाकांक्षाओं पर एक सुनियोजित हमला है। हिंडनबर्ग रिसर्च की 24 जनवरी की रिपोर्ट में लगाए गए आरोप ‘‘झूठ के सिवाय कुछ नहीं’’ हैं। समूह ने कहा कि ये दस्तावेज ‘‘चुनिंदा गलत सूचनाओं एवं छुपाकर रखे गए तथ्यों का एक दुर्भावनापूर्ण संयोजन हैं।’’समूह ने यह भी कहा कि ये ‘‘निराधार और शर्मनाक आरोप किसी गुप्त मकसद’’ से लगाए गए हैं। और यह रिपोर्ट दुर्भावनापूर्ण इरादे से जारी की गई। और यह इस बात से स्पष्ट है कि इसे ऐसे समय में जारी किया गया, जब अडाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड भारत में इक्विटी शेयरों की अब तक की सबसे बड़ी सार्वजनिक पेशकश कर रहा है।

हिंडनबर्ग की रिपोर्ट में क्या लगे हैं आरोप

न्यूयॉर्क की कंपनी ‘हिंडनबर्ग’ की रिपोर्ट में उद्योगपति गौतम अडानी की अगुवाई वाले समूह पर ‘‘‘खुले तौर पर शेयरों में गड़बड़ी और अकाउंटिंग धोखाधड़ी’’’ में शामिल होने का आरोप लगाया गया है। कंपनी के इस आरोप के बाद विविध कारोबार से जुड़े समूह की सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट आई है। अडानी समूह ने बृहस्पतिवार को कहा था कि वह अपनी प्रमुख कंपनी के शेयर बिक्री को नुकसान पहुंचाने के प्रयास के तहत ‘‘बिना सोचे-विचारे’’ काम करने के लिए अमेरिकी वित्तीय शोध कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च के खिलाफ ‘‘दंडात्मक कार्रवाई’’ को लेकर कानूनी विकल्पों पर गौर कर रहा है। वहीं, अमेरिकी वित्तीय शोध कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च ने कहा कि वह अपनी रिपोर्ट पर पूरी तरह कायम है।

अडानी समूह के पलटवार पर हिंडनबर्ग ने दिया ये जवाब

अडानी समूह के जवाप पर टिप्पणी करते हुए हिंडनबर्ग रिसर्च ने सोमवार को कहा कि उसका मानना है कि भारत एक जीवंत लोकतंत्र और उभरती महाशक्ति है। अडानी समूह ‘व्यवस्थित लूट’ से भारत के भविष्य को रोक रहा है।हिंडनबर्ग ने अडानी समूह के इस आरोप को खारिज कर दिया है कि उसकी रिपोर्ट भारत पर एक हमला थी। हिंडनबर्ग ने कहा कि धोखाधड़ी को ‘राष्ट्रवाद’ से ढंका नहीं जा सकता।

(एजेंसी इनपुट के साथ)

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article