केंद्रीय कर्मचारियों के लिए नए साल से पहले ही बड़ी खुशखबरी सामने आ रही है। लंबे समय से जिस खबर का इंतजार किया जा रहा था, वो अब सच होती दिख रही है। सरकार ने आठवें वेतन आयोग की प्रक्रिया को हरी झंडी दे दी है, यानी अब लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स की सैलरी बढ़ने का रास्ता साफ हो गया है। खास बात यह है कि इस बार सिर्फ सैलरी बढ़ोतरी ही नहीं, बल्कि कर्मचारियों को भारी-भरकम एरियर बोनस मिलने की भी उम्मीद है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, वेतन आयोग अपनी सिफारिशें किस समय देता है, इसका सीधा असर कर्मचारियों के हाथ में आने वाले एरियर पर पड़ेगा। जितनी देर से सिफारिशें आएंगी, एरियर उतना ही बढ़ता जाएगा। वहीं अगर सिफारिशें जल्दी आ गईं और सरकार ने तुरंत लागू कर दिया, तो कर्मचारियों को एरियर नहीं मिलेगा और सिर्फ बढ़ी हुई सैलरी मिलेगी। ऐसे में अब कर्मचारियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि आयोग अपनी रिपोर्ट कब सौंपेगा, क्योंकि यही तय करेगा कि उनके खाते में एकमुश्त कितनी बड़ी रकम आएगी।
लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। केंद्र सरकार ने आठवें वेतन आयोग की प्रक्रिया को आधिकारिक रूप से मंजूरी दे दी है। सरकार ने इसके लिए टर्म्स ऑफ रेफरेंस (ToR) भी जारी कर दिए हैं। इसका मतलब है कि अब आयोग अगले 18 महीने में अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगा। हालांकि नया वेतन 1 जनवरी 2026 से लागू माना जाएगा। यानी सिफारिशें जितनी देर आएंगी, कर्मचारियों को उतना ही ज्यादा एरियर बोनस मिलेगा।
दरअसल, जब वेतन आयोग लागू होता है तो नई सैलरी जिस महीने से मिलनी शुरू होती है, उससे पहले के महीनों का पूरा एरियर सरकार एकमुश्त देती है। मान लीजिए आयोग अप्रैल में रिपोर्ट देता है और सरकार मई में मंजूरी दे देती है, तो कर्मचारियों को मई की बढ़ी हुई सैलरी के साथ-साथ जनवरी से अप्रैल का एरियर भी मिलेगा। उदाहरण के तौर पर, अगर नई न्यूनतम बेसिक सैलरी 18,000 रुपये से बढ़कर 44,460 रुपये हो जाती है (फिटमेंट फैक्टर 2.47 मानते हुए) तो बेसिक में 26,460 रुपये की बढ़ोतरी होगी।
अगर कर्मचारी मेट्रो सिटी में रहता है तो उसे नई बेसिक का 30% HRA मिलेगा, यानी करीब 13,338 रुपये। इस तरह कुल महीने की सैलरी में 37,798 रुपये का इजाफा होगा। अब मान लें बढ़ी हुई सैलरी जुलाई से लागू होती है, तो जनवरी से जून तक के 6 महीने का एरियर लगभग 2,26,788 रुपये बनता है। इसके साथ जुलाई की बढ़ी हुई सैलरी लगभग 57,798 रुपये जोड़ दी जाए तो उस महीने कर्मचारी के खाते में लगभग 2,84,586 रुपये आ जाएंगे।
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अगर आयोग अपनी रिपोर्ट देने में पूरा 18 महीने का समय लेता है और जनवरी 2026 से लागू माना जाता है, तो कर्मचारियों को लगभग 16 महीने का एरियर मिल सकता है। ऐसे में न्यूनतम वेतन पाने वाले कर्मचारी को भी करीब ₹6,04,800 तक एकमुश्त रकम मिल सकती है। ध्यान रहे कि यह सिर्फ न्यूनतम सैलरी वाले कर्मचारी का उदाहरण है, जिनकी बेसिक ज्यादा है उनके खाते में और बड़ी रकम आएगी।
हां, इसका उल्टा भी हो सकता है। अगर आयोग ने दिसंबर 2025 में ही रिपोर्ट दे दी और सरकार ने जनवरी 2026 से नया वेतन लागू कर दिया, तो कर्मचारियों को एरियर नहीं मिलेगा और सिर्फ नई सैलरी मिलेगीयानी लगभग ₹57,798 प्रति माह। अभी DA को इस उदाहरण में शामिल नहीं किया गया है, क्योंकि यह महंगाई दर के हिसाब से बाद में तय होता है।