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भारत वापस आने वाली है Duster SUV! रेनॉ-निसान ला रहीं कई नई कारें

  • Authored by: अंशुमन साकल्ले
  • Updated Feb 13, 2023, 06:13 PM IST

Renault India और Nissan 2025 तक भारत में कई नई कारें लाने वाली हैं जिनमें से एक Duster SUV होने की संभावना है. कंपनी इस प्लान में बड़ा निवेश कर रही है और इलेक्ट्रिक कारों को लेकर भी दोनों ने रफ्तार पकड़ी हुई है.

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कंपनियां अपनी-अपनी बैजिंग के साथ ग्राहकों की चहेती डस्टर एसयूवी की भारत में वापसी करने वाली है.

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KEY HIGHLIGHTS
  • रेनॉ-निसान ला रहीं कई नई कारें
  • भारत में होगी डस्टर की वापसी
  • 5,300 करोड़ रुपये का निवेश

Renault Duster Likely To Make Comeback In India: रेनॉ-निसान बहुत जल्द भारतीय मार्केट में नए वाहन लॉन्च करने वाली है जिसके लिए कंपनी ने बड़े पैमाने पर निवेश की जानकारी भी दी है. ताजा रिपोर्ट्स की मानें तो 2025 तक रेनॉ-निसान पूरी तरह मिलकर काम करेगी ताकि तकनीक बेहतर बनाने के लिए प्रोडक्शन लागत को भी कम किया जा सके. पहले और हालिया जानकारी के आधार पर कहा जा सकता है कि ये दोनों कंपनियां अपनी-अपनी बैजिंग के साथ ग्राहकों की चहेती डस्टर एसयूवी की भारत में वापसी करने वाली है.

5,300 करोड़ रुपय निवेश

फ्रांस की वाहन कंपनी रेनो और जापान की निसान ने अगले 15 साल में देश में 60 करोड़ डॉलर (5,300 करोड़ रुपये) के निवेश की प्रतिबद्धता जताई है। कंपनी तमिलनाडु के वाहन बाजार में उतर गई है। निसान के वैश्विक मुख्य परिचालन अधिकारी (COO) और अलायंस बोर्ड के सदस्य अश्विनी गुप्ता ने यहां कहा कि नए दौर के निवेश के साथ दोनों कंपनियां छह नए मॉडल उतारेंगी। इनमें दो इलेक्ट्रिक मॉडल होंगे। इनमें दोनों कंपनियों के तीन-तीन मॉडल होंगे।

नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे

कंपनी के नए वाहनों में परंपरागत इंजन वाली चार एसयूवी भी होंगी। इनमें से पहली को बाजार में 2025 में उतारा जाएगा। इस गठजोड़ को उम्मीद है कि नए निवेश से देश में शोध एवं विकास की अतिरिक्त गतिविधियों से 2,000 नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। गठजोड़ का इरादा भारत में स्थानीय स्तर पर इलेक्ट्रिक वाहन के उत्पादन का भी है।

चेन्नई कारखाने में चार मॉडलों का उत्पादन

अभी दोनों कंपनियां यहां से 45 किलोमीटर दूर ओरागदम के चेन्नई कारखाने में चार मॉडलों का उत्पादन करती हैं। गुप्ता ने कहा कि रेनो-निसान का विनिर्माण संयंत्र 2025 तक कॉर्बन निरपेक्ष हो जाएगा। यहां सिर्फ नवीकरणीय ऊर्जा का इस्तेमाल होगा। दोनों कंपनियां अपने संयुक्त उद्यम तथा शोध एवं विकास इकाइयों के लिए पूंजी ढांचे का भी पुनर्गठन कर रही हैं जिससे दोनों की भागीदारी समान हो जाएगी। इससे पहले गठजोड़ ने इसी महीने अपने वैश्विक ढांचे के पुनर्गठन की घोषणा की थी।

अंशुमन साकल्ले
अंशुमन साकल्ले author

अंशुमन साकल्ले जून 2022 से टाइम्स नाउ नवभारत (www.timesnowhindi.com/) में बतौर सीनियर स्पेशल करेस्पॉन्डेंट कार्यरत हैं। ये ईएमएमसी, दैनिक भास्कर, एनडी... और देखें

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