रूस से कच्चे तेल खरीद पर क्या बदलेगा भारत का स्टैंड? ट्रंप से मार्को रुबियो तक सबका एक ही दावा
- Edited by: शिव शुक्ला
- Updated Feb 15, 2026, 09:25 PM IST
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का यह बयान शनिवार को म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन में आया। जहां रुबियो ने कहा कि भारत के साथ हमारी बातचीत में हमें उनकी प्रतिबद्धता मिली है कि वे अतिरिक्त रूसी तेल खरीदना बंद कर देंगे।
नरेंद्र मोदी, डोनाल्ड ट्रंप और व्लादिमिर पुतिन (फोटो सोर्स: AP)
रूस से तेल खरीदने को लेकर ट्रंप के दावे के बाद अब अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी कुछ उसी तरह का दावा किया है। उन्होंने कहा कि भारत ने रूसी तेल खरीदना बंद करने की प्रतिबद्धता जताई है। मार्को रुबियो का यह बयान भारत की उस टिप्पणी के बाद आया है, जिसमें भारत ने उर्जा खरीद को लेकर अपने राष्ट्रीय हित को सर्वोपरि बताया था।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का यह बयान शनिवार को म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन में आया। जहां रुबियो ने कहा कि भारत के साथ हमारी बातचीत में हमें उनकी प्रतिबद्धता मिली है कि वे अतिरिक्त रूसी तेल खरीदना बंद कर देंगे। उनका यह बयान तब आया जब रुबियो रूस-यूक्रेन युद्ध और मॉस्को पर लगाए गए प्रतिबंधों से जुड़े एक सवाल का जवाब दे रहे थे।
ट्रंप ने किया था दावा
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नयी दिल्ली के साथ व्यापार समझौते की घोषणा करते हुए दावा किया था कि भारत ने रूस से कच्चा तेल नहीं खरीदने की प्रतिबद्धता जतायी है। तब से ही,अमेरिका ने कई बार दावा किया है कि भारत रूस से तेल खरीदना बंद कर देगा। इस समझौते की घोषणा के बाद, ट्रंप ने एक कार्यकारी आदेश में भारत द्वारा रूस से कच्चा तेल खरीदने पर अगस्त में लगाए गए अतिरिक्त शुल्क को वापस ले लिया था।
विक्रम मिसरी पहले ही बता चुके हैं भारत का रुख
वहीं, रूस से कच्चे तेल की खरीद के संबंध में अमेरिकी राष्ट्रपति के कई बार के दावों के बाद विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने सोमवार को भारत का रुख साफ किया था। उन्होंने कहा कि नयी दिल्ली के निर्णयों के लिए राष्ट्रीय हित 'मार्गदर्शक कारक' होगा। ऊर्जा नीति के प्रमुख आधार पर्याप्त उपलब्धता,उचित मूल्य निर्धारण और आपूर्ति की विश्वसनीयता हैं। कच्चे तेल की खरीद पर भारत का दृष्टिकोण ऊर्जा प्रवाह में स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए आपूर्ति के कई स्रोत बनाए रखने और उनमें विविधता लाने का रहा है।
रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने भी खारिज किया ट्रंप का दावा
वहीं, रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने भी बीते बुधवार को देश की संसद में अमेरिकी राष्ट्रपति के इन दावों को लेकर बड़ी जानकारी दी थी। उन्होंने कहा था कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के अलावा किसी और ने यह घोषणा नहीं की है कि भारत रूसी तेल खरीदना बंद कर देगा। स्टेट ड्यूमा (निचले सदन) में एक सांसद के प्रश्न का उत्तर देते हुए लावरोव ने कहा था कि आपने उल्लेख किया कि डोनाल्ड ट्रम्प ने भारत द्वारा रूसी तेल न खरीदने की सहमति की घोषणा की है। मैंने प्रधानमंत्री मोदी और अन्य भारतीय नेताओं सहित किसी और से ऐसा कोई बयान नहीं सुना है।
