मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा है कि ईरान के साथ चल रहा युद्ध वह जब चाहें तब खत्म कर सकते हैं और यह संघर्ष जल्द समाप्त हो जाएगा। ट्रंप ने एक फोन इंटरव्यू में कहा कि ईरान में अब निशाना बनाने के लिए लगभग कुछ भी बाकी नहीं बचा है।
Axios को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि जब भी मैं चाहूंगा यह युद्ध खत्म हो जाएगा। अब वहां लक्ष्य के तौर पर लगभग कुछ नहीं बचा है। ट्रंप का यह बयान ऐसे समय आया है जब मध्य पूर्व में हमले और जवाबी कार्रवाई लगातार जारी हैं।
इजराइल का अलग ही दावा
हालांकि ट्रंप के इस दावे के बीच इजराइल ने साफ कर दिया है कि अभियान अभी खत्म नहीं होगा। इजराइल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने कहा कि अमेरिका के साथ मिलकर चलाया जा रहा सैन्य अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक सभी सैन्य और रणनीतिक लक्ष्य हासिल नहीं हो जाते।
काट्ज ने कहा कि तेहरान समेत पूरे ईरान में हमले दिन-ब-दिन और लक्ष्य-दर-लक्ष्य जारी रहेंगे। उनका कहना है कि इन हमलों का उद्देश्य ईरान की मौजूदा सत्ता को कमजोर करना और वहां के लोगों को सरकार के खिलाफ खड़ा होने का मौका देना है।
ट्रंप का दावा: ईरान की सैन्य क्षमता लगभग खत्म
ट्रंप ने एक दिन पहले CBS न्यूज से बातचीत में भी कहा था कि ईरान की सैन्य क्षमता लगभग समाप्त हो चुकी है। उनके मुताबिक अब ईरान के पास न तो नौसेना बची है, न संचार व्यवस्था और न ही प्रभावी वायुसेना।उन्होंने कहा कि ईरान की मिसाइलें बिखर चुकी हैं और उनके ड्रोन लगातार नष्ट किए जा रहे हैं। यहां तक कि ड्रोन बनाने की उनकी क्षमता भी खत्म हो रही है। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि सैन्य दृष्टि से ईरान के पास अब कुछ भी नहीं बचा है।
ईरान को ट्रंप की कड़ी चेतावनी
ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि वह किसी भी तरह की नई सैन्य कार्रवाई की कोशिश न करे। उन्होंने कहा कि अगर ईरान ने कोई गलत कदम उठाया तो उसके गंभीर परिणाम होंगे। ट्रंप ने कहा कि उनको जो कुछ चलाना था चला दिया। अब उन्हें कोई चालाकी करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए, वरना यह उस देश का अंत हो सकता है।होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर भी चेतावनी
इससे पहले ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य में बारूदी सुरंगें बिछाने की खबरों पर भी ईरान को चेतावनी दी थी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर लिखा कि अगर ईरान ने इस रणनीतिक समुद्री रास्ते में माइंस बिछाई हैं तो उन्हें तुरंत हटाया जाए। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो अमेरिकी सेना ऐसी कार्रवाई करेगी जिसका स्तर पहले कभी नहीं देखा गया होगा।गौरतलब है कि होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के तेल व्यापार का सबसे अहम समुद्री मार्ग माना जाता है और यहां किसी भी तरह का सैन्य तनाव वैश्विक ऊर्जा बाजार को प्रभावित कर सकता है।
