अमेरिका में जारी सरकारी फंडिंग संकट के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का शनिवार को बड़ा बयान सामने आया। ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर कांग्रेस में डेमोक्रेट्स तत्काल एयरपोर्ट सुरक्षा के लिए फंडिंग पर सहमत नहीं होते हैं तो वह अमेरिकी एयरपोर्ट्स पर फेडरल इमिग्रेशन एजेंट तैनात कर देंगे।
ट्रंप ने क्या कुछ कहा?
ट्रंप ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "मैं अपने बेहतरीन और देशभक्त ICE एजेंटों को एयरपोर्ट्स पर भेजूंगा, जहां वह ऐसी सुरक्षा व्यवस्था लागू करेंगे जैसी पहले कभी किसी ने नहीं देखी होगी।"
ट्रंप ने कहा, ''अगर रेडिकल लेफ्ट डेमोक्रेट्स तुरंत ऐसा समझौता नहीं करते जिससे हमारा देश, खासकर एयरपोर्ट फिर से सुरक्षित और मुक्त बन सकें तो मैं हमारे देशभक्त और कुशल ICE एजेंट्स को एयरपोर्ट्स पर तैनात कर दूंगा। वह ऐसी सुरक्षा व्यवस्था लागू करेंगे, जैसी पहले कभी नहीं देखी गई होगी। इसमें हमारे देश में आए सभी अवैध प्रवासियों की तुरंत गिरफ्तारी शामिल होगी, खासकर सोमालिया से आए लोगों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।''
ट्रंप ने आरोप लगाया कि भ्रष्ट गवर्नर, अटॉर्नी जनरल और कांग्रेस वुमन इल्हान उमर की मंजूरी से कभी महान रहा मिनेसोटा अब बर्बाद हो चुका है।उन्होंने कहा कि वह एयरपोर्ट्स पर ICE की कार्रवाई देखने के लिए उत्सुक हैं।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, अमेरिका में डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी (DHS) से जुड़ा फंडिंग विवाद लगातार गहराता जा रहा है, जिसके चलते आंशिक सरकारी शटडाउन 36वें दिन भी जारी रहा। इस स्थिति का सीधा असर ट्रांसपोर्टेशन सिक्योरिटी एडमिनिस्ट्रेशन (TSA) पर पड़ा है, जहां कर्मचारियों को वेतन नहीं मिलने से वह बड़ी संख्या में छुट्टी ले रहे हैं।
स्टाफ की कमी के कारण देशभर के प्रमुख एयरपोर्ट्स पर लंबी कतारें और यात्रा में बाधाएं देखने को मिल रही हैं। हालात ऐसे हैं कि TSA कर्मचारियों को दूसरी बार पूरा वेतन नहीं मिल पा रहा, जिससे कामकाज और अधिक प्रभावित हो रहा है।
