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ट्रंप ने मुस्लिम देशों के दिग्गज नेताओं संग की ‘महा-चर्चा’, क्या ईरान ने मान ली अमेरिका की शर्तें?

US Iran Conflict: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से जारी तनाव अब खत्म होने की ओर बढ़ सकता है। ट्रंप के मुताबिक दोनों देशों के बीच एक बड़े शांति समझौते की रूपरेखा लगभग तैयार हो चुकी है। इस समझौते को लेकर सऊदी अरब, यूएई, कतर, पाकिस्तान, तुर्की, मिस्र, जॉर्डन और बहरीन जैसे मुस्लिम देशों के नेताओं से भी सकारात्मक बातचीत हुई है।

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ट्रंप ने पश्चिम एशिया तनाव को लेकर मुस्लिम देशों के दिग्गज नेताओं के साथ की बातचीत। AI IMAGE

US Iran Conflict: क्या अमेरिका और ईरान के बीच जारी संघर्ष पर पूर्ण विराम लगने जा रहा है। दरअसल,अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नेजानकारी दी कि ईरान के साथ एक बड़े शांति समझौते की रूपरेखा लगभग तैयार हो चुकी है।

वहीं, ट्रंप ने बताया कि उन्होंने इस शांति समझौते को लेकर सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान सहित कई प्रभावशाली मुस्लिम देशों के नेताओं के साथ सकारात्मक बातचीत की है। इन देशों की सूची में यूएई, कतर, पाकिस्तान, तुर्की, मिस्र, जॉर्डन और बहरीन शामिल हैं। ट्रंप के अनुसार, शांति से संबंधित इस समझौता ज्ञापन (MoU) पर इन सभी देशों के साथ चर्चा की गई है।

समझौता काफी हद तक हो गया: ट्रंप

उन्होंने स्पष्ट किया कि यह समझौता न केवल अमेरिका और ईरान, बल्कि सूची में शामिल अन्य देशों के बीच भी काफी हद तक तय हो चुका है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि इस सिलसिले में उन्होंने इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से अलग से बात की है। समझौते के अंतिम पहलुओं और बारीकियों पर वर्तमान में चर्चा चल रही है और बहुत जल्द ही इसकी आधिकारिक घोषणा की जाएगी।

समझौते का सबसे महत्वपूर्ण पहलू 'स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज' (Strait of Hormuz) को खोलना है। ट्रंप ने विशेष रूप से उल्लेख किया कि इस समझौते के कई तत्वों के साथ-साथ इस समुद्री मार्ग को भी खोल दिया जाएगा। ट्रंप का ये फैसला दुनिया के लिए किसी खुशखबरी से कम नहीं है।

एनरिच्ड यूरेनियम स्टॉक छोड़ने पर राजी हुआ ईरान

वहीं, दूसरी ओर अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि ईरान ने समृद्ध यूरेनियम स्टॉक को छोड़ने पर सहमति जताई है। रिपोर्ट में दो अमेरिकी आधिकारियों के हवाले से कहा गया है कि अमेरिका और इरान के बीच प्रस्तावित करार का एक महत्वपूर्ण प्वाइंट यह है कि ईरान अपना अत्यंत समृद्ध यूरेनियम का स्टॉक छोड़ने पर सहमत हुआ है। हालांकि, इस रिपोर्ट पर व्हाइट हाउस के अधिकारियों से प्रतिक्रिया देने के लिए कहा गया लेकिन वे इसके लिए तैयार नहीं हुए।

Piyush Kumar
पीयूष कुमार author

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घट... और देखें

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