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ट्रंप से नहीं डरा श्रीलंका! ईरान के 238 नाविकों को भेजा घर

अमेरिका-ईरान तनाव के बीच श्रीलंका ने 238 ईरानी नाविकों को स्वदेश भेज दिया है, जिनमें एक युद्धपोत पर अमेरिकी हमले और दूसरे जहाज की खराबी से प्रभावित नाविक शामिल हैं। इस बीच 49 दिन बाद होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोल दिया गया है, जिससे वैश्विक व्यापार के लिए राहत की उम्मीद है।

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श्रीलंका ने ईरान के नाविकों को स्वदेश भेजने का किया फैसला। AI IMAGE

अमेरिका-ईरान संघर्ष के बीच श्रीलंका ने बड़ा फैसला लिया है। श्रीलंका में दो ईरानी नौसैनिक जहाजों के 238 नाविकों को स्वदेश भेज दिया गया है। इनमें से एक पर अमेरिकी पनडुब्बी ने हमला किया था और दूसरे का इंजन फेल हो गया था। यह जानकारी यहां रक्षा अधिकारियों ने बुधवार को दी।

ईरानी युद्धपोत को अमेरिकी पनडुब्बी ने बनाया था निशाना

रिपोर्ट के मुताबिक, 4 मार्च को आईरिस डेना (IRIS Dena) नामक ईरानी युद्धपोत को अमेरिकी पनडुब्बी ने निशाना बनाया था। यह जहाज भारत में हुए एक नौसैनिक अभ्यास से लौट रहा था। इस हमले में बड़ी संख्या में नाविकों की मौत हुई, जबकि कई घायल हो गए।

श्रीलंकाई नौसेना ने बचाव अभियान चलाकर 32 नाविकों को जिंदा बचाया और करीब 87 शव बरामद किए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके अलावा, एक अन्य ईरानी जहाज तकनीकी खराबी के कारण श्रीलंका के बंदरगाह पर लाया गया, जिसे फिलहाल तिरुक्कोणमलै में रखा गया है। रिपोर्ट के अनुसार, बचाए गए सभी नाविकों को कुछ समय तक श्रीलंका में रखा गया, जिसके बाद उन्हें विशेष विमान से ईरान भेज दिया गया।

अमेरिका ने श्रीलंका से क्या कहा था?

इससे पहले भीषण संघर्ष के दौरान अमेरिका के कोलंबो स्थित दूतावास के प्रभारी जयने होवेल ने 6 मार्च को श्रीलंका सरकार से अपील की थी कि वह ईरान के जिंदा बचे नौसैनिकों को वापस तेहरान नहीं भेजे। इन नौसैनिकों के कानूनी दर्जे को लेकर भी संदेह है। ये सभी नौसैनिक कोई युद्धबंदी नहीं हैं। वहीं अमेरिका का कहना है कि ये नौसैनिक खुफिया अधिकारी हो सकते हैं और उनके ईरान लौटने से अमेरिका के हितों को नुकसान पहुंच सकता है।

खुल गया स्ट्रेट ऑफ होर्मुज

वहीं, अमेरिका-ईरान संघर्ष के 49 दिन बीत जाने के बाद आखिरकार स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोल दिया गया है। ईरान ने कहा है कि इजरायल-लेबनान सीजफायर के बाद होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह से खोल दिया गया है। इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर 28 फरवरी 2026 को हमला किया था। इसके बाद से ही होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही बाधित हो गई थी।

Piyush Kumar
पीयूष कुमार author

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घट... और देखें

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