Iran News: अमरीकी अधिकारियों के साथ कथित तौर पर अनधिकृत बातचीत करने के मामले में ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ईरान में ही भारी राजनीतिक संकट में घिर गए हैं। ईरानी सांसदों ने उनके खिलाफ संसद में आधिकारिक रूप से महाभियोग का प्रस्ताव दर्ज कराया है। ईरान की संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति आयोग के सदस्य अली खेजरियान ने गुरुवार को इस कदम की पुष्टि की।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के खिलाफ महाभियोग
उन्होंने बताया कि सांसदों ने अराघची के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव दर्ज करा दिया है और इसे आगे बढ़ाया जा रहा है। खेजरियान के अनुसार, अराघची को अमरीकी प्रतिनिधियों के साथ किसी भी स्तर की बातचीत की आधिकारिक अनुमति नहीं थी। उन्होंने कहा, "अब्बास अराघची के पास अमरीकी अधिकारियों के साथ बातचीत करने का कोई अधिकार नहीं था। यह संपर्क और बातचीत इस्लामिक गणराज्य की तय नीतियों के दायरे से बाहर जाकर की गई है।"
संसद के समक्षअराघची को पेश होना होगा
यह घटनाक्रम वाशिंगटन के साथ राजनयिक संबंधों और बातचीत को लेकर ईरान के राजनीतिक गलियारों के भीतर मौजूद गहरे मतभेदों को उजागर करता है। खेजरियान ने स्पष्ट किया कि विदेश मंत्री को अपनी मौजूदा विदेश यात्रा से लौटते ही संसद के समक्ष पेश होना होगा और जवाब देना होगा कि "अमरीकी पक्ष के साथ यह बातचीत किस आधार पर हुई।"
यदि संसद महाभियोग की प्रक्रिया को आगे बढ़ाती है, तो अराघची को संसद में तीखे सवालों का सामना करना पड़ेगा, जहां सांसद उनके पद पर बने रहने या हटाने के लिए मतदान कर सकते हैं।
ट्रंप ने मुलाकात की पुष्टि की
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी और ईरानी अधिकारियों के बीच मंगलवार को मुलाकात हुई। यह अप्रत्याशित बैठक ऐसे समय में हुई, जब ट्रंप ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने संबोधन में चेतावनी दी कि अगर जल्द समझौता नहीं हुआ तो वह इस इस्लामी गणराज्य को ’’तबाह’’ कर सकते हैं। ट्रंप ने संवाददाताओं से कहा कि उनके मुख्य दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर ने विश्व नेताओं की वार्षिक बैठक से इतर ईरान के अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने बैठक के बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी।
