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आईएनएस तबर' पहुंचा लंदन, रॉयल नेवी के साथ होगी पेशेवर बातचीत

INS Tabar: भारतीय नौसेना का युद्धपोत आईएनएस तबर विभिन्न प्रकार के हथियारों और आधुनिक सेंसरों से भी सुसज्जित है और भारतीय नौसेना के सबसे पुराने स्टील्थ युद्धपोतों में से एक है।

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INS Tabar

Photo : Twitter

INS Tabar: भारतीय नौसेना का अग्रणी युद्धपोत 'आईएनएस तबर' अपनी चार दिन की यात्रा के लिए ब्रिटेन के लंदन बंदरगाह पर पहुंच गया है। भारतीय नौसेना का यह जहाज विभिन्न प्रकार के हथियारों से लैस है। 'आईएनएस तबर' आधुनिक सेंसरों से भी सुसज्जित है और भारतीय नौसेना के सबसे पुराने स्टील्थ युद्धपोतों में से एक है। यह जहाज भारतीय नौसेना के पश्चिमी बेड़े का हिस्सा है, जो पश्चिमी नौसेना कमान के अंतर्गत मुंबई में स्थित है।

लंदन बंदरगाह पर आईएनएस तबर के चार दिनों के प्रवास के दौरान भारतीय नौसेना और रॉयल नेवी के बीच पेशेवर बातचीत की एक श्रृंखला की योजना बनाई गई है। बता दें, भारतीय नौसेना और ब्रिटेन की रॉयल नेवी के बीच ऐतिहासिक संबंध हैं। रक्षा मंत्रालय ने कहा कि भारतीय नौसेना और रॉयल नेवी के बीच यह संबंध हाल के दशकों में लगातार विकसित हो रहे हैं। प्रत्येक पक्ष के जहाज नियमित रूप से एक-दूसरे के देशों की यात्रा करते रहे हैं और विभिन्न नौसेना अभ्यासों में भी एक साथ भाग लेते रहे हैं।

रक्षा मंत्रालय ने दी जानकारी

रक्षा मंत्रालय ने बताया कि दोनों नौसेनाएं 'कोंकण' नामक द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास के लिए एक दीर्घकालिक साझेदारी भी साझा करती हैं, जो पिछले कई वर्षों से प्रत्येक वर्ष आयोजित किया जाता है। आईएनएस तबर का दल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'वसुधैव कुटुंबकम' की विचारधारा पर प्रकाश डालते हुए वृद्धाश्रम में रॉयल आर्मी के सेवानिवृत्त पेंशनभोगियों को सामुदायिक सेवा भी प्रदान करेगा। ये संपर्क द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ाने का प्रयास करते हैं, विशेष रूप से दोनों देशों के बीच समुद्री क्षेत्र में और भारतीय संस्कृति को प्रदर्शित करने का अवसर भी प्रदान करते हैं। आईएनएस तबर, भारतीय नौसेना के लिए रूस में बनाया गया एक स्टील्थ फ्रिगेट है। जहाज की कमान कैप्टन एमआर हरीश के हाथ में है और इसमें लगभग 280 कर्मी शामिल हैं।

Pranjul Srivastava
प्रांजुल श्रीवास्तव author

<p>मैं इस वक्त टाइम्स नाउ नवभारत से जुड़ा हुआ हूं। पत्रकारिता के 8 वर्षों के तजुर्बे में मुझे और मेरी भाषाई समझ को गढ़ने और तराशने में कई वरिष्ठ पत्रक... और देखें

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