India Maldives Conflict: चीन समर्थक राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के अल्टीमेटम के बाद मालदीव से भारतीय सैनिकों की वापसी शुरू हो गई है। मंगलवार को स्थानीय मीडिया ने बताया कि राष्ट्रपति मुइज्जू के आदेश के बाद भारत ने अपने सैनिकों को वापस बुलाया शुरू कर दिया है। बता दें, राष्ट्रपति मुइज्जू ने 10 मई तक मालदीव में तैनात सभी भारतीय सैनिकों को वापस जाने का आदेश दिया था।
स्थानीय मिहारू न्यूजपेपर की रिपोर्ट के अनुसार अड्डू के सबसे दक्षिणी एटोल में तैनात 25 भारतीय सैन्य दलों ने 10 मार्च से पहले ही मालदीव छोड़ दिया था। सैनिकों की वापसी की आधिकारिक शुरुआत पर भारत और मालदीव दोनों ने सहमति व्यक्त की थी। रिपोर्ट में कहा गया है कि माले और नई दिल्ली के बीच बातचीत के बाद, दोनों पक्ष 10 मई तक देश से 89 भारतीय सैनिकों और उनके सहायक कर्मचारियों की वापसी को पूरा करने पर सहमत हुए थे।
मालदीव रक्षा बलों ने की पुष्टि
मिहारू की रिपोर्ट के अनुसार, मालदीव राष्ट्रीय रक्षा बल ने भारतीय सैनिकों की वापसी की पुष्टि की है। हालांकि मालदीव या भारतीय अधिकारियों की ओर से इसको लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। बता दें, पिछले साल सत्ता में आने के बाद मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा था कि मालदीव की समुद्री सीमा पर गश्त के लिए तैनात किसी भी भारतीय सुरक्षाकर्मी को देश में रहने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा था कि 10 मई के बाद किसी भी भारतीय सैनिक को, यहां तक कि सिविल ड्रेस में भी द्वीपसमूह में रहने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
चीन से बढ़ा रहे नजदीकी
मालदीव के नए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू को चीन का समर्थक माना जाता है। राष्ट्रपति बनने के बाद उन्होंने चीन की यात्रा भी की थी, इस दौरान उन्होंने राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की और दोनों देशों के बीच कई समझौतों पर भी हस्ताक्षर किए गए। चीन यात्रा से लौटने के बाद मुइज्जू ने भारत को आंख दिखाना शुरू कर दिया, इसी दौरान उन्होंने भारतीय सैन्य दलों की वापसी का भी आदेश दिया था।
