Israel US War against Iran : स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद करने को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को सख्त चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा है कि यदि ईरान इस रास्ते तेल का आवागमन रोकने की कोशिश करता है तो उसे भारी कीमत चुकानी होगी। अमेरिका की तरफ से अभी जो उसे मार पड़ रही है, वह 20 गुना ज्यादा बढ़ जाएगी। इसके अलावा आसानी से निशाना बनाए जा सकने वाले हम उन लक्ष्यों को निशाना बनाना शुरू कर देंगे जिसके बाद ईरान को एक देश के रूप में दोबारा अपने पैरों पर खड़ा होना एक तरह से असंभव हो जाएगा। अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे कहा कि इसके बाद ईरान में मौत, आग और अराजकता का माहौल होगा।
प्रार्थना करता हूं कि इसकी नौबत न आए-ट्रंप
ट्रंप ने कहा, 'लेकिन मुझे उम्मीद है और मैं प्रार्थना करता हूं कि यह सब करने की नौबत नहीं आए। यह अमेरिका की तरफ से चीन और उन देशों को एक उपहार है जो स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का काफी हद तक इस्तेमाल करते हैं। उम्मीद है कि अमेरिका के इस सद्भाव की प्रशंसा की जाएगी।'
IRGC ने ट्रंप को दिया जवाब
ट्रंप को जवाब देते हुए, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा कि वह मध्य पूर्व में 'युद्ध का अंत तय करेगी', जबकि ट्रंप ने कहा था कि यह संघर्ष 'जल्द'खत्म हो जाएगा। ईरान की आईआरजीसी ने अपने बयान में कहा, 'हम ही इस युद्ध का अंत तय करेंगे।' बयान में आगे कहा गया, 'इस क्षेत्र के समीकरण और भविष्य की स्थिति अब हमारी सेना के हाथों में है; अमेरिकी सेना इस युद्ध को खत्म नहीं करेगी।' IRGC ने यह भी कहा कि अगर अमेरिका और इजराइल के हमले जारी रहे, तो ईरान इस क्षेत्र से 'एक लीटर तेल' भी निर्यात नहीं होने देगा।
हमलों के खिलाफ दृढ़ता से खड़े हैं-ईरान
युद्ध में कथित शर्मनाक हार के बाद, ट्रंप अपनी तथाकथित कामयाबियों को दिखाकर जनमत को गुमराह करने और मनोवैज्ञानिक दबाव से बचने की कोशिश कर रहे हैं लेकिन ईरान अमेरिका और इजराइल के हमलों के खिलाफ बहादुरी और दृढ़ता के साथ खड़ा है। हमने ट्रंप से झूठ के अलावा कुछ नहीं देखा है। ट्रंप ने ईरानी जनता को सड़कों पर उतारने और ईरान में सामाजिक अराजकता पैदा करने की कोशिश की थी, लेकिन आज सड़कों पर समझदार ईरानी लोगों ने उन्हें करारा जवाब दिया है। ट्रंप और बेंजामिन नेतन्याहू के खिलाफ ईरानियों का गुस्सा और प्रतिरोध और अधिक फैल गया है।
'हताहतों के आंकड़े क्यों छिपा रहे हैं अमेरिकी राष्ट्रपति'
ट्रंप का दावा है कि ईरानी मिसाइलें खत्म हो गई हैं और अब उनमें नुकसान पहुंचाने की ताकत नहीं बची है। अगर वह सच कह रहे हैं, तो वे पत्रकारों और मीडिया को तबाही और उसके असर की तस्वीरें प्रकाशित करने की अनुमति क्यों नहीं देते? आप हताहतों के आंकड़े क्यों छिपा रहे हैं? ट्रंप ने नेतृत्व चुनने और अपनी इच्छानुसार नेतृत्व नियुक्त करने में हस्तक्षेप करने का दावा किया था, लेकिन आज एक अमेरिका-विरोधी और क्रांतिकारी व्यक्ति को क्रांति का नेता चुना गया है, युद्ध को आगे बढ़ाने के लिए हमारे हाथ खुले हैं। सुरक्षा सबके लिए होगी, और असुरक्षा भी सबके लिए होगी। हम पूरी ताकत के साथ युद्ध जारी रखे हुए हैं, और ईरान ही इस युद्ध का अंत तय करेगा।
