Donald Trump: अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव के लिए रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि फेसबुक के संस्थापक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) मार्क जुकरबर्ग ने उनसे जुड़ी सामग्री पर प्रतिबंध लगाने के लिए उन्हें हाल ही में फोन कर माफी मांगी और भरोसा दिलाया कि वह किसी डेमोक्रेट का समर्थन नहीं करेंगे। फॉक्स न्यूज के साथ शुक्रवार को दिए गए साक्षात्कार में ट्रंप ने कहा कि मार्क जुकरबर्ग ने मुझे फोन किया। मैं बताना चाहूंगा कि उन्होंने मुझे कई बार फोन किया। (पेनसिल्वेनिया में) रैली के बाद उन्होंने मुझे फोन किया और कहा कि यह वाकई अद्भुत था, यह बहुत बहादुरी भरा था। पूर्व राष्ट्रपति ने कहा कि जुकरबर्ग ने वास्तव में भरोसा दिलाया कि वह किसी डेमोक्रेट का समर्थन नहीं करेंगे क्योंकि वह ऐसा नहीं कर सकते, क्योंकि उस दिन मैंने जो किया, उसके लिए वह मेरी इज्जत करते हैं। उन्होंने कहा कि वे इस पर काम कर रहे हैं और मुझे लगता है कि उन्होंने इसे ठीक कर लिया है। उन्होंने (जुकरबर्ग) पांच साल पहले 50 करोड़ अमेरिकी डॉलर लेकर जो किया था, वह उसे दोहरा नहीं रहे हैं। मुझे विश्वास है कि वह ऐसा नहीं कर रहे हैं।
गूगल शटडाउन के करीब- डोनाल्ड ट्रंप
इस बीच, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गूगल को लेकर कहा है कि कंपनी शटडाउन के करीब जा रही है। उनका आरोप है कि 13 जुलाई की घटना को लेकर गूगल पर उनकी तस्वीरें और कंटेंट को सेंसर किया जा रहा था। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गूगल की यह कहते हुए आलोचना की है कि सर्च इंजन पर उन्हें सेंसर किया जा रहा है। उनका कहना है कि सर्च इंजन पर उनसे संबंधित खबरें और उनकी तस्वीरों को सेंसर किए जाने की जानकारी मिली है, जो कि काफी गैरजिम्मेदाराना है। फॉक्स न्यूज के साथ एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि गूगल बहुत खराब है। वे काफी गैरजिम्मेदार हैं। मुझे लगता है कि गूगल शटडाउन के करीब जा रहा है, क्योंकि कांग्रेस इसे बर्दाश्त नहीं करेगी। गूगल को सावधान रहना होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि 13 जुलाई को उनपर हुए जानलेवा हमले की गूगल पर तस्वीर या और कुछ ढूंढ पाना मुश्किल था।
Google ने दी सफाई
गूगल ने हालांकि, इन आरोपों का खंडन किया है। गूगल ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि पिछले कुछ हफ्ते में एक्स पर लोगों ने इस बात की शिकायत की है कि गूगल पर सर्च को सेंसर किया जा रहा है या फिर कुछ टर्म को बैन किया जा रहा है, जबकि ऐसा नहीं है। दरअसल, जिस बारे में शिकायत की जा रही है वो एक ऑटोकंप्लीट फीचर है, जो कि आपका समय बचाने के लिए है।
