दुनिया

Epstein Files New Photos: 68 तस्वीरों के साथ फिर फटा 'एपस्टीन बम', महिलाओं के साथ दिखे बिल गेस्ट्स और कई दिग्गज हस्तियां; देखें तस्वीरें

Epstein Files New Photos: जेफ्री एपस्टीन की संपत्ति से मिले 68 नई तस्वीरें सामने आई है। इन तस्वीरों में कई हस्तियों की निजी तस्वीरें उजागर हुई है। यह तस्वीर एपस्टीन की मौत से पहले जब्त किए गए 95,000 फोटो के भंडार से प्राप्त की हैं। इन तस्वीरों में देखा जा रहा है एपस्टीन, दुनिया के कई प्रभावशाली और धनी व्यक्तियों के साथ विभिन्न सामाजिक आयोजनों में नजर आ रहे हैं।

epstein files  (1)

अमेरिका के हाउस ऑफ डेमोक्रेट्स ने जारी की 68 नई तस्वीरें।(फोटो सोर्स: House Oversight Committee Democrats)

Epstein Files New Photos: अमेरिकी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटिव्स के डेमोक्रेट्स ने गुरुवार को यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन की संपत्ति से मिले 68 नई तस्वीरें दुनिया से शेयर की है। इन तस्वीरों में कई हस्तियों की निजी तस्वीरें उजागर हुई है। यह तस्वीर एपस्टीन की मौत से पहले जब्त किए गए 95,000 फोटो के भंडार से प्राप्त की हैं।

बता दें कि साल एपस्टीन की साल 2019 में जेल के अंदर मौत हो गई थी। इन तस्वीरों में देखा जा रहा है एपस्टीन, दुनिया के कई प्रभावशाली और धनी व्यक्तियों के साथ विभिन्न सामाजिक आयोजनों में नजर आ रहे हैं।

इन तस्वीरों में माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स, फिल्मेकर वुडी एलन, गूगल के सह- संस्थापक सग्रेई ब्रिन, पब्लिक इंटेलेक्चुअल (दार्शनिक) नोम चॉम्स्की और पूर्व ट्रंप सलाहकार स्टीव बैनन समेत कई लोग एपस्टीन के साथ नजर आ रहे हैं। वहीं, दो तस्वीरों में बिल गेट्स महिलाओं के साथ नजर आ रहे हैं।

bill gates

बिल गेट्स के साथ दिख रहीं अज्ञात महिला।(फोटो सोर्स: House Oversight Committee Democrats)

न्यूयॉर्क टाइम्स के कॉलमनिस्ट की तस्वीर भी आई सामने

इतना ही नहीं न्यूयॉर्क टाइम्स के कॉलमनिस्ट डेविड ब्रूक्स की भी एक तस्वीर सामने आई है। हालांकि, डेविड ब्रूक्स की तस्वीर पर न्यूयॉर्क टाइम्स ने बयान जारी करते हुए कहा कि ब्रूक्स ने 2011 में एक डिनर पार्टी में भाग लिया था। उनके कॉलम में इसकी जानकारी भी है।

गौरतलब है कि डेमोक्रेट्स ने इस बात पर जोर दिया कि तस्वीरों के प्रकाशन से किसी भी व्यक्ति द्वारा किए गए किसी भी गलत काम का संकेत नहीं मिलता है। समिति ने कहा कि इनमें से कोई भी तस्वीर एपस्टीन के जाने-माने सहयोगियों द्वारा की गई किसी भी आपराधिक गतिविधि को नहीं दर्शाती है, लेकिन ये एपस्टीन के रसूख को दिखा रही हैं।

हाल ही में राष्ट्रपति ट्रंप ने एक विधेयक पर हस्ताक्षर किया था, जिसमें न्याय विभाग को शुक्रवार तक एपस्टीन और घिसलेन मैक्सवेल मामलें की फाइलें सार्वजनिक करने का आदेश दिया गया था।

इस फोटो बैच में कई ऐसी तस्वीरें हैं, जो दुनिया को हैरान कर रही है। कई तस्वीरों में व्लादिमरी नाबोकोव की नोबेल (उपान्यास) के कुछ वाक्य एक महिला के शरीर के विभिन्न हिस्सो पर लिखे हुए दिखाई दे रहे हैं। वहीं, तस्वीर के बैकग्राउंड में 'लोलिटा' किताब की प्रति रखी दिखाई दे रही है।

women news

महिला की शरीर पर लिखे उपान्यास के 'लोलिटा' के कुछ अंश।(फोटो सोर्स: House Oversight Committee Democrats)

वहीं, एपस्टीन और अज्ञात लोगों के बीच हुई सोशल मीडिया पर बातचीत के स्क्रीन शॉट भी वायरल हो रहे हैं। मैसेज में लड़कियों के भेजने और 1000 डॉलर प्रति लड़की की कीमत बताई गई है। इससे पहले भी कई तस्वीरें सामने आ चुकी है, जिसमें एपस्टीन के साथ राष्ट्रपति ट्रंप और पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन मौजूद हैं।

notification

एपस्टीन फाइल्स में शेयर की गई तस्वीरों में से एक तस्वीर।(फोटो सोर्स: House Oversight Committee Democrats)

कौन था जेफ्री एपस्टीन?

जेफ्री एपस्टीन एक अमेरिकी फाइनेंसर था, जिसकी पहचान बाद में एक ऐसे व्यक्ति के रूप में बनी जिसने नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण और सेक्स-ट्रैफिकिंग का संगठित नेटवर्क चलाया। उसकी कहानी सत्ता, रसूख और कानून से बच निकलने की खतरनाक मिसाल बनकर सामने आई।

एपस्टीन का जन्म 20 जनवरी 1953 को न्यूयॉर्क में हुआ। उसने शिक्षक के तौर पर करियर शुरू किया, लेकिन जल्द ही फाइनेंस की दुनिया में पहुंच गया। सीमित औपचारिक योग्यता के बावजूद उसने अरबपतियों और प्रभावशाली लोगों के बीच अपनी जगह बना ली। उसकी संपत्ति और कारोबार की वास्तविक प्रकृति लंबे समय तक अस्पष्ट रही।

एपस्टीन के संबंध कई बड़े उद्योगपतियों, राजनेताओं और वैश्विक हस्तियों से बताए जाते रहे। निजी द्वीप, लग्ज़री जेट और आलीशान संपत्तियां उसकी जीवनशैली का हिस्सा थीं, जिनका इस्तेमाल कथित तौर पर पीड़ितों को फंसाने और अपराध छुपाने में किया गया।

कानूनी मामले और विवाद

2008 में उस पर नाबालिग से वेश्यावृत्ति कराने का मामला सामने आया, लेकिन एक विवादित समझौते के तहत उसे बेहद हल्की सज़ा मिली। इस सौदे ने अमेरिकी न्याय प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए। 2019 में न्यूयॉर्क में उसे सेक्स-ट्रैफिकिंग के गंभीर आरोपों में दोबारा गिरफ्तार किया गया।

जेल में मौत

10 अगस्त 2019 को एपस्टीन की मौत जेल में हुई। आधिकारिक तौर पर इसे आत्महत्या बताया गया, लेकिन सुरक्षा में चूक और परिस्थितियों ने साजिश के संदेह को जन्म दिया। उसकी मौत के साथ कई नाम, कड़ियां और सच्चाइयां अदालत तक पहुंचने से पहले ही अधूरी रह गईं।

क्यों मायने रखता है एपस्टीन मामला?

एपस्टीन प्रकरण सिर्फ एक व्यक्ति का अपराध नहीं, बल्कि यह दिखाता है कि पैसा और प्रभाव कैसे संस्थानों को कमजोर कर सकते हैं। पीड़ितों की लड़ाई, जवाबदेही की मांग और पारदर्शिता। ये सवाल आज भी वैश्विक स्तर पर गूंज रहे हैं।
Piyush Kumar
Piyush Kumar author

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घट... और देखें

End of Article