युनुस सरकार की नई चाल! अब ढाका विश्वविद्यालय का बंगबंधु छात्रावास 'उस्मान हादी' के नाम से जाना जाएगा
- Edited by: अनुराग गुप्ता
- Updated Dec 21, 2025, 06:24 PM IST
Bangladesh Violence: ढाका विश्वविद्यालय के बंगबंधु शेख मुजीबुर रहमान छात्रावास का नाम बदलकर शरीफ उस्मान हादी के नाम पर रख दिया गया है। स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, छात्रावास (हॉल) में रहने वाले छात्रों के संगठन ‘हॉल यूनियन’ ने शनिवार को मुख्य द्वार पर लगी नामपट्टिका को हटाकर उसकी जगह ‘शहीद शरीफ उस्मान हादी हॉल’ की नई नामपट्टिका लगा दी।
फिर जल उठा बांग्लादेश (फोटो साभार: AP)
Bangladesh Violence: ढाका विश्वविद्यालय के बंगबंधु शेख मुजीबुर रहमान छात्रावास का नाम बदलकर शरीफ उस्मान हादी के नाम पर रख दिया गया है। हादी एक प्रमुख युवा नेता थे जिन्होंने पिछले साल बांग्लादेश में शेख हसीना की सरकार को गिराने वाले जुलाई विद्रोह में भाग लिया था।
राजधानी में सिर में गोली लगने के छह दिन बाद गुरुवार को हादी की मौत हो गई। समाचार पत्र ‘ढाका ट्रिब्यून’ के अनुसार, छात्रावास (हॉल) में रहने वाले छात्रों के संगठन ‘हॉल यूनियन’ ने शनिवार को मुख्य द्वार पर लगी नामपट्टिका को हटाकर उसकी जगह ‘शहीद शरीफ उस्मान हादी हॉल’ की नई नामपट्टिका लगा दी।
कैसे हुई उस्मान हादी की मौत?
उन्हें 12 दिसंबर को ढाका के बिजयनगर इलाके में एक चुनावी अभियान के दौरान नकाबपोश बंदूकधारियों ने सिर में गोली मार दी थी।सिंगापुर में इलाज के दौरान गुरुवार को उनका निधन हो गया। उनकी मृत्यु के बाद पूरे बांग्लादेश में हमले और तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं।
इसके अलावा कई छात्रों ने छात्रावास की मुख्य इमारत पर बने बंगबंधु शेख मुजीबुर रहमान के भित्तिचित्र पर पेंट कर दिया। खबर के अनुसार, ढाका विश्वविद्यालय केंद्रीय छात्र संघ (डीयूसीएसयू) के सांस्कृतिक मामलों के सचिव मुसद्दीक इब्न अली मोहम्मद ने घोषणा की कि शनिवार रात साढ़े नौ बजे क्रेन की सहायता से नामपट्टिका हटाई जाएगी।
क्या नाम मिटाने की मिली थी अनुमति
मौके पर किए गए निरीक्षण से पता चला कि छात्रावास का नाम मिटाने का काम रात 9:45 बजे के आसपास शुरू हुआ। इसके बाद में रात 11:15 बजे भित्तिचित्र पर पेंट करने का काम शुरू हुआ। छात्रावास परिषद (हॉल काउंसिल) के नेताओं ने क्या भित्तिचित्र और नाम को मिटाने के लिए अनुमति प्राप्त की थी, इस सवाल पर ‘हॉल काउंसिल’ के उपाध्यक्ष मुस्लिमुर रहमान ने मीडिया से कहा, ‘‘छात्रों ने इसे हटाने की मांग की थी। इसलिए हम छात्रों के फैसले के आधार पर इसे हटा रहे हैं।’’