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'अपराधियों वाले सबसे बुरे दौर से गुजर रहा अमेरिका', ट्रंप ने न्यू ऑरलियंस हमले को अवैध प्रवासियों से जोड़ा

New Orleans Attack : राष्ट्रपति जो बाइडन ने बुधवार शाम कहा कि एफबीआई को घटना से संबंधित वीडियो मिले हैं जिसे चालक ने हमले से कुछ घंटे पहले सोशल मीडिया पर पोस्ट किया था। अपने सोशल मीडिया पोस्ट में आरोपी ने कहा था कि वह इस्लामिक स्टेट समूह से प्रेरित है और वह लोगों का कत्लेआम करना चाहता है।

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न्यू ऑर्लियंस में नए साल पर हुआ आतंकी हमला।

New Orleans Attack : नव वर्ष के दिन न्यू ऑरलियंस में हुए हमले में अब तक कम से कम 15 लोगों की मौत हो चुकी है और घायल हुए दर्जन भर लोगों का इलाज चल रहा है। अमेरिका की जांच एजेंसी एफबीआई इसे आतंकवादी घटना मानकर जांच कर रही है। इस बीच, अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस हमले को देश में अवैध अप्रवासियों की घुसपैठ से जोड़ा है। अपने सोशल मीडिया ट्रूथ पर किए गए एक पोस्ट में ट्रंप ने कहा कि 'जब मैं कहता हूं कि हमारे देश में अपराधियों की घुसपैठ सबसे बुरे दौर में है तो यह बात सही साबित हुई है।' नवनिर्वाचित राष्ट्रपति ने दावा किया कि 'देश में अपराध की दर इससे ज्यादा पहले कभी नहीं रही।' हालांकि, एफबीआई का कहना है कि देश भर में हिंसा एवं अपराध में तेजी से कमी आई है।

आतंकवादी हमले के पहलू से जांच

अमेरिका के न्यू ऑरलियंस में इस्लामिक स्टेट से प्रेरित एक चालक ने नए साल का जश्न मना रहे लोगों की भीड़ पर ट्रक चढ़ा दिया। इस घटना में 15 लोगों की मौत हो गई। आरोपी के पिकअप ट्रक पर इस्लामिक स्टेट का झंडा लगा था और वह पुलिस की नाकाबंदी से बचकर निकलने का प्रयास कर रहा था। इसी कोशिश में उसने जश्न मना रहे लोगों को टक्कर मार दी। हालांकि बाद में पुलिस ने उसे मार गिराया। एफबीआई ने कहा कि वह न्यू ऑरलियंस के मशहूर फ्रेंच क्वार्टर में बुधवार सुबह हुए हमला मामले में आतंकवादी हमले के पहलू से जांच कर रही है और उसका मानना है कि चालक ने अकेले इस घटना को अंजाम नहीं दिया। जांच अधिकारियों को आरोपी के पास से बंदूकें मिली हैं और वाहन में विस्फोटक सामग्री भी थी। साथ ही जांच अधिकारियों को प्रसिद्ध फ्रेंच क्वार्टर में अन्य जगह भी कुछ उपकरण मिले।

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हमले से कुछ घंटे पहले वीडियो पोस्ट किया

राष्ट्रपति जो बाइडन ने बुधवार शाम कहा कि एफबीआई को घटना से संबंधित वीडियो मिले हैं जिसे चालक ने हमले से कुछ घंटे पहले सोशल मीडिया पर पोस्ट किया था। अपने सोशल मीडिया पोस्ट में आरोपी ने कहा था कि वह इस्लामिक स्टेट समूह से प्रेरित है और वह लोगों का कत्लेआम करना चाहता है। इस हिंसा के कारण जश्न में डूबे ‘बॉर्बन स्ट्रीट’ पर मातम पसर गया, जहां सिर्फ घायलों की चीख पुकार, खून से लथपथ शव और जान बचाने के लिए नाइटक्लबों एवं रेस्तराओं की ओर से भागते लोग दिखे। घटना में कई लोग घायल हुए। पास के सुपरडोम में एक कॉलेज फुटबॉल प्लेऑफ खेल बृहस्पतिवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया। न्यू ऑरलियंस की पुलिस अधीक्षक एनी किर्कपैट्रिक ने कहा, ‘यह सिर्फ आतंकवादी कृत्य नहीं है। यह खौफनाक है।’

टेक्सास का रहने वाला था हमलावर शमसुद्दीन जबर

किर्कपैट्रिक ने कहा कि चालक ने पैदल यात्रियों के लिए किए गए सुरक्षा उपायों को ध्वस्त कर दिया और हर तरफ तोड़-फोड़ मचा दी, जिससे लोग दहशत में आ गए। एफबीआई ने चालक की पहचान टेक्सास से अमेरिकी नागरिक शमसुद्दीन जबर (42) के रूप में की है और कहा कि वह आतंकवादी संगठन के साथ जबर के संभावित जुड़ाव की जांच कर रही है। एफबीआई की प्रभारी सहायक विशेष एजेंट एलेथिया डंकन ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘हमारा मानना है कि जबर ने अकेले इस घटना को अंजाम नहीं दिया।’ एसोसिएटेड प्रेस को प्राप्त लुइसियाना राज्य पुलिस के खुफिया बुलेटिन के अनुसार, जांच अधिकारियों को कई तरह के विस्फोटक मिले, जिनमें दो पाइप बम भी शामिल हैं। इन्हें कूलरों के भीतर छिपाकर रखा गया था और रिमोट के माध्यम से विस्फोट करने के लिए तार लगाए गए थे।

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

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