नई दिल्ली। दुनिया के सबसे ताकतवर शख्स डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ ईरान ने अरेस्ट वारंट जारी किया है। बड़ी बात यह है कि उनकी गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल से मदद मांगी है। ट्रंप के साथ साथ 12 और लोगों की गिरफ्तारी में मदद मांगी है। अब यहां समझना जरूरी है कि अरेस्ट वारंट किस मसले में है। आप को याद होगा कि बगदाद में ड्रोन अटैक में इरानी जनरल मारे गए थे और ईरान ने इसके लिए अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया था। जानकार बताते हैं कि ट्रंप पर किसी तरह की गिरफ्तारी का खतरा नहीं है। लेकिन ईरान ने अमेरिका के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है जिसके बाद तनाव और बढ़ेगा।
ट्रंप की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल से मांगी मदद
ईरान के सरकारी वकील अली अलकासीमेहर का कहना है कि ट्रंप और 30 से अधिक लोग बगदाद में 3 जनवरी की एयर स्ट्राइक के लिए जिम्मेदार हैं जिसमें जनरल कासिम सुलेमानी मारे गए थे। यहां ट्रंप के अलावा दूसरे कौन लोग हैं इसके बारे में उन्होंने कुछ नहीं बताया। ईरान का कहना है कि सुलेमानी के गुनहगारों को सजा दिलाने की कार्रवाई को अंजाम तक पहुंचाया जाएगा। 
इंटरपोल, अर्जी पर कार्रवाई के लिए बाध्य नहीं
ईरान ने इंटरपोल से ट्रंप की गिरफ्तारी के रेड नोटिस जारी करने की अपील की है। लेकिन इस विषय पर फ्रांस के लियोन स्थित इंटरपोल ने टिप्पणी करने से इंकार कर दिया है। इसके जरिए जो अभियुक्त जिस देश में मौजूद होता है वहां की पुलिस उस शख्स को गिरफ्तार करती है और मांग करने वाले देश को सौंप देती है। नोटिस के जरिए सत्तासीन संदिग्ध शख्स की गिरफ्तारी या प्रत्यर्पण के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता है। जब इस तरह की अर्जी इंटरपोल को मिलता है तो वो इस बात के लिए बाध्य नहीं है कि वो अपने सदस्य देशों के साथ साझा करे।
Donald Trump Arrest warrant: ईरान ने डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ जारी किया अरेस्ट वारंट, इंटरपोल से मांगी मदद
- Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
- Updated Jun 29, 2020, 05:40 PM IST
ईरान ने डोनाल्ड ट्रंप की गिरफ्तारी के लिए अरेस्ट वारंट जारी किया है। उसके इस कदम से ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ना तय है।
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