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इमरान खान को पाकिस्तान के PM पद से हटाने के लिए अमेरिका ने रची थी साजिश, रिपोर्ट में हुआ खुलासा

  • Written by: रामानुज सिंह
  • Updated Aug 10, 2023, 07:54 AM IST

रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध में पाकिस्तान की तटस्थता को लेकर अमेरिका ने इमरान खान को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पद से हटाने के लिए साजिश रची थी। अमेरिका स्थित न्यूज आउटलेट द इंटरसेप्ट ने इसका खुलासा किया है।

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पाकिस्तान के पीएम पद से हटाने के लिए अमेरिका ने रची थी राजिश (तस्वीर-AP)

Photo : AP

वॉशिंगटन डीसी: अमेरिकी विदेश विभाग ने 7 मार्च 2022 को एक बैठक में पाकिस्तान सरकार को रूस और यूक्रेन के बीच संघर्ष में उनकी तटस्थता को लेकर इमरान खान को देश के प्रधानमंत्री पद से हटाने के लिए प्रोत्साहित किया था। अमेरिका स्थित न्यूज आउटलेट द इंटरसेप्ट ने क्लासिफाइड पाकिस्तानी सरकार के दस्तावेज का हवाला देते हुए रिपोर्ट दी। अमेरिका में पाकिस्तानी राजदूत और अमेरिकी विदेश विभाग के दो अधिकारियों के बीच बैठक पिछले डेढ़ साल से पाकिस्तान में विवाद और अटकलों का विषय रहे हैं क्योंकि पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और उनके सैन्य व नागरिक विरोधियों ने इसके लिए पावर स्ट्रगल किया था। द इंटरसेप्ट की रिपोर्ट के मुताबिक राजनीतिक संघर्ष 5 अगस्त को और बढ़ गया जब इमरान खान को भ्रष्टाचार के आरोप में तीन साल जेल की सजा सुनाई गई। हालांकि, खान के समर्थकों ने आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें निराधार बताया है। अदालत द्वारा घोषित फैसले ने खान को इस साल के अंत में पाकिस्तान में होने वाले चुनाव लड़ने से भी रोक दिया है।

पाकिस्तान सरकार के दस्तावेज में अमेरिकी अधिकारियों के साथ बैठक का खुलासा होने के एक महीने बाद संसद में अविश्वास मत हुआ।जिसके परिणामस्वरूप खान को सत्ता से बाहर होना पड़ा। माना जा रहा है कि पाकिस्तानी संसद में हुए मतदान को पाकिस्तान की सेना का समर्थन हासिल था। माना जाता है कि यह वोट पाकिस्तान की शक्तिशाली सेना के समर्थन से आयोजित किया गया था। अपने निष्कासन के बाद से इमरान खान और उनके समर्थक सेना और उसके नागरिक सहयोगियों के साथ संघर्ष में शामिल रहे हैं। जो पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री को अमेरिका के अनुरोध पर सत्ता से हटाने की योजना बनाई थी।

पिछले साल मार्च में पाकिस्तान के तत्कालीन प्रधानमंत्री इमरान खा ने विदेशी साजिश का आरोप लगाया था। कुछ सहयोगियों का समर्थन खोने के बाद अपनी गठबंधन सरकार के बहुमत खोने के बीच राष्ट्र को संबोधित करते हुए खान ने कहा था कि विदेशी शक्ति ने मैसेज भेजा है कि उन्हें हटाने की जरूरत है या पाकिस्तान को परिणाम भुगतने होंगे। उन्होंने कहा था कि एक विदेशी राष्ट्र ने हमें (पाकिस्तान) मैसेज भेजा कि इमरान खान को हटाना होगा अन्यथा पाकिस्तान को परिणाम भुगतना होगा। विदेशी साजिश लेटर का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इसकी भाषा धमकी देने वाली और अहंकारपूर्ण थी। 27 मार्च को खान ने एक सार्वजनिक रैली में वह लेटर लहराते हुए कहा था कि उन्हें हटाने के लिए एक विदेशी साजिश चल रही थी। उन्होंने अपनी सरकार को गिराने के लिए विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव को विदेशी वित्त पोषित कदम से जोड़ने की मांग की थी।

द इंटरसेप्ट ने रिपोर्ट में कहा गया कि पाकिस्तानी केबल के ये मैसेज जिसे "साइफ़र" के रूप में जाना जाता है। राजदूत द्वारा बैठक से तैयार किया गया और पाकिस्तान को भेजा गया। जिसने खान के खिलाफ अमेरिकी विदेश विभाग द्वारा इस्तेमाल किए गए तरीकों का खुलासा किया है। जिसमें खान को हटाए जाने पर इस्लामाबाद के साथ मधुर संबंधों का वादा किया था और अगर ऐसा नहीं किया तो वह अलग थलग हो जाएगा। 'सीक्रेट' शीर्षक वाले दस्तावेज में अमेरिकी विदेश विभाग के अधिकारियों के बीच हुई बैठक का डिटेल शामिल है, जिसमें दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के ब्यूरो के सहायक सचिव डोनाल्ड लू और असद मजीद खान, जो उस समय अमेरिका में पाकिस्तान के राजदूत थे। वे बैठक में शामिल थे। पाकिस्तानी सेना के एक गुमनाम सूत्र ने द इंटरसेप्ट को दस्तावेज उपलब्ध कराया।

रामानुज सिंह
रामानुज सिंहauthor

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल फाइनेंस, शेयर बाजार, इनकम टैक्स, बैंकिंग, बुलियन और कमोडिटी मार्केट जैसे विषयों पर गहरी विशेषज्ञता विकसित की है। जर्नलिज्म में एमए की डिग्री और वर्षों के अनुभव से विकसित विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ, रामानुज जटिल वित्तीय विषयों को सरल, विश्वसनीय और प्रभावी तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। अब तक वे 22,000 से अधिक स्टोरीज लिख चुके हैं।

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