भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने ग्राहकों को मोबाइल नंबर बदलने से जुड़ी एक नई धोखाधड़ी (Mobile Number Change Fraud) को लेकर सतर्क किया है। बैंक ने एक चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि धोखेबाज ग्राहकों का रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर बदलकर अपने नंबर से लिंक करने की कोशिश कर रहे हैं।
कैसे फंसाते हैं धोखेबाज
धोखेबाज ग्राहकों को कॉल या SMS भेजते हैं और कहते हैं कि "आपके PPO (पेंशन पेमेंट ऑर्डर) का वेरिफिकेशन लंबित है" या "तेजी से प्रोसेस करने के लिए तुरंत जानकारी दें।" कई बार वे यह धमकी भी देते हैं कि यदि तुरंत जानकारी नहीं दी गई तो आपकी पेंशन रोक दी जाएगी।
- वे ग्राहकों को लिंक भेजते हैं और उस पर क्लिक करने के लिए कहते हैं।
- व्यक्तिगत जानकारी जैसे यूजरनेम, पासवर्ड, ATM PIN और OTP निकलवाने की कोशिश करते हैं।
- ध्यान देने योग्य है कि बैंक कभी भी फोन, SMS, लिंक या ATM विजिट के जरिए PPO वेरिफिकेशन नहीं करता।
सुरक्षित रहने के उपाय
- कभी भी अपनी व्यक्तिगत या वित्तीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
- बैंकिंग एप्स केवल गूगल प्ले स्टोर या ऐप स्टोर से ही डाउनलोड करें।
- किसी भी शंका की स्थिति में नजदीकी शाखा से संपर्क करें या कस्टमर केयर नंबर 18001234/18002100 पर कॉल करें।
- साइबर क्राइम की शिकायत दर्ज कराने के लिए 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर जाएं।
- SMS और ईमेल अलर्ट को ध्यान से पढ़ें और किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें।
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर आपके बैंक खाते की सुरक्षा की कुंजी है, इसे सुरक्षित रखें।
SBI का मैसेज
बैंक ने स्पष्ट किया है कि यदि कॉल 1600 से शुरू हो रही है, तो वह असली और सुरक्षित है। ऐसे कॉल का जवाब देने में कोई खतरा नहीं है। SBI ने ग्राहकों से अपील की है कि सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचें।
