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Within 100 KMS Moradabad: मुरादाबाद के पास छिपा है भारत का रत्न, एक बार गए तो नहीं करेगा वापस आने का मन

Within 100 KMS Moradabad: अगर आप मुरादाबाद के आसपास हैं तो ये आर्टिकल आपकी काफी मदद कर सकते है। मुरादाबाद के बेहद पास एक ऐसा प्यारा सा हिल स्टेशन बसा है जहां आप कम टाइम में पहुंचकर सुनहरी यादें सजों सकते हैं। ये जगह मुरादाबाद के बेहद पास होने के साथ ही आपको जन्नत का भी एहसास कर देगी।

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Within 100 kms Moradabad

Places to Visit near Moradabad: पीतल की नगरी या सिटी ऑफ ब्रास के नाम से फेमस मुरादाबाद में अगर आप रहते हैं या इसके आसपास घूमने का प्लान कर रहे हैं तो ये आर्टिकल आपके लिए ही है। Within 100 kms की अपनी इस सीरीज में हम आपको बताएंगे मुरादाबाद के पास बसे खूबसूरत हिल स्टेशन के बारे में जिसके बारे में जानकर आप फटाफट से वहां घूमने का प्लान कर सकते हैं।

मर्चुला: मुरादाबाद से मर्चुला की दूरी तकरीबन 100 किलोमीटर ही है। हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में स्थित छोटा और शांत पहाड़ी गांव मर्चुला प्राकृतिक सुंदरता, शांति और एडवेंचर की चाह रखने वाले पर्यटकों के लिए जन्नत से कम नहीं है। लोक जीवन, पहाड़ी दृश्यों और शानदार वातावरण के लिए आप यहां की यात्रा कर सकते हैं।

पर्यटन स्थल: मगरमच्छ व्यू पॉइंट, बारसी गांव, रामनगर नदी जैसे शानदार टूरिस्ट प्लेस को आप मर्चुला जाकर एक्सप्लोर कर सकते हैं। ट्रेकिंग और फोटोग्राफी के शौकीन लोगों के लिए भी ये जगह किसी जन्नत से कम नहीं है। दोस्‍तों और परिवार के साथ घूमने के लिए ये आदर्श स्थान है। मर्चुला के आसपास कुछ धार्मिक स्थल भी हैं। यहां स्थानीय मंदिर और पूजा स्थल आदिवासी संस्कृति से जुड़े होने के चलते काफी अनूठे हैं।

कब जाएं: सर्दियों में बर्फबारी का आनंद लेने के लिए आपको नवंबर से फरवरी के बीच यहां की यात्रा करनी चाहिए। गर्मियों में मार्च से जून मर्चुला घूमने का सबसे अच्छा समय होता है।

prabhat sharma
प्रभात शर्माauthor

प्रभात शर्मा टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के फीचर डेस्क में कार्यरत ट्रैवल और लाइफस्टाइल राइटर हैं। यात्राओं के प्रति उनका गहरा जुनून और नई जगहों को समझने–परखने की क्षमता उनकी लेखन शैली को बेहद जीवंत और पाठकों से जोड़ने वाली बनाती है। वे ऑफबीट डेस्टिनेशन, लोकल कल्चर, हेरिटेज साइट्स, रोड ट्रिप्स, फूड जर्नी और बजट ट्रैवल जैसे विषयों पर मजबूत पकड़ रखते हैं। प्रभात की स्टोरीज़ सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि यात्रा के माहौल, भाव और अनुभव को भी महसूस कराती हैं। अब तक 7,000 से अधिक कंटेंट लिख चुके प्रभात अपनी सहज भाषा, प्रामाणिक जानकारी और अनुभव-आधारित दृष्टिकोण के लिए जाने जाते हैं।

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