Happy womens day 2026: घूमने का शौक अब सिर्फ पुरुषों तक सीमित नहीं रह गया है। भारतीय महिलाएं भी अब पूरी आजादी के साथ घूमने का मजा ले रही हैं। लेकिन, ध्यान देने वाली बात ये है कि अब महिलाएं सिर्फ परिवार या दोस्तों के साथ ही नहीं, बल्कि सोलो ट्रैवल करना ज्यादा पसंद कर रही हैं। ट्रैवल प्लेटफॉर्म Scapia की रिपोर्ट में सामने आया है कि अब भारतीय महिलाएं पहले से कहीं ज्यादा सोलो ट्रिप प्लान कर रही हैं।
रिपोर्ट बताती है कि पिछले एक साल में अकेले यात्रा करने वाली भारतीय महिलाओं की संख्या में करीब 9 गुना बढ़ोतरी हुई है। यानी अब महिलाएं ट्रैवल को सिर्फ छुट्टियां बिताने का जरिया नहीं, बल्कि अपनी आजादी और नए अनुभवों से जोड़कर देख रही हैं। चाहे फ्लाइट बुक करनी हो, ट्रेन या बस का टिकट लेना हो या फिर होटल चुनना हो। आज की महिलाएं अपनी ट्रिप खुद प्लान कर रही हैं। वे हर चीज खुद तय कर रही हैं और यही बदलाव इस ट्रेंड को और मजबूत बना रहा है।
अगर भारत के अंदर घूमने की बात करें, तो बीच डेस्टिनेशन महिलाओं की पहली पसंद है। रिपोर्ट के मुताबिक, घरेलू छुट्टियों की 80% से ज्यादा बुकिंग समुद्र किनारे वाली जगहों के लिए हो रही है। इनमें गोवा, पोर्ट ब्लेयर, कोवलम, वर्कला और दीव जैसे बीच डेस्टिनेशन शामिल हैं। सिर्फ भारत ही नहीं, विदेशों में भी महिलाएं ज्यादातर द्वीप और समुद्र तट वाली जगहों को चुन रही हैं। जैसे थाईलैंड, वियतनाम और बाली महिलाओं के पसंदीदा इंटरनेशनल डेस्टिनेशन बनते जा रहे हैं।
रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि अलग-अलग उम्र की महिलाओं की ट्रैवल पसंद भी अलग है। Gen Z महिलाएं बजट और वैल्यू-फॉर-मनी ट्रिप को ज्यादा महत्व दे रही हैं। वे आमतौर पर मिड-रेंज होटल या होमस्टे में रहना पसंद करती हैं। वहीं Millennial महिलाएं थोड़ा ज्यादा खर्च करके लक्जरी और प्रीमियम एक्सपीरियंस लेना चाहती हैं।
दिलचस्प बात यह है कि महिलाओं की ट्रैवल लिस्ट में आध्यात्मिक जगहें भी शामिल हैं। Gen Z ट्रैवलर्स को वाराणसी और ऋषिकेश जैसे सांस्कृतिक और आध्यात्मिक शहर आकर्षित कर रहे हैं। वहीं Millennial महिलाएं शिरडी और हरिद्वार जैसे प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों पर जाना पसंद कर रही हैं।
कुल मिलाकर यह ट्रेंड साफ दिखाता है कि आज की भारतीय महिलाएं ट्रैवल के मामले में ज्यादा आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी हो रही हैं। वे अपनी पसंद की जगह चुन रही हैं, नई जगहें देख रही हैं और नए अनुभव जुटा रही हैं।
