टेक एंड गैजेट्स

योगी आदित्यनाथ ने लॉन्च किया Project GANGA, आप भी शुरू कर सकते हैं ब्रॉडबैंड इंटरनेट का बिजनेस, ऐसे करें अप्लाई

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में प्रोजेक्ट GANGA की शुरुआत की है। इसके तहत प्रदेश का कोई भी नागरिक इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर बन सकता है और घर पर रहकर ही कमाई कर सकता है।

Image

योगी आदित्यनाथ ने लॉन्च किया Project GANGA, अब कोई भी शुरू कर सकता है ब्रॉडबैंड इंटरनेट का बिजनेस, ऐसे करें अप्लाई

उत्तर प्रदेश सरकार ने ग्रामीण इलाकों में डिजिटल कनेक्टिविटी को मजबूत करने के उद्देश्य से ‘प्रोजेक्ट गंगा’ की शुरुआत की है। इस योजना को यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हरी झंडी दिखाई। इस योजना के तहत राज्य के करीब 20 लाख परिवारों को हाई-स्पीड इंटरनेट ब्रॉडबैंड सुविधा से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। यह पहल डिजिटल शिक्षा, टेलीमेडिसिन, ई-गवर्नेंस, स्किल डेवलपमेंट और तकनीक आधारित रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देने पर केंद्रित है।

क्या है प्रोजेक्ट गंगा?

प्रोजेक्ट गंगा का पूरा नाम Government Assisted Network for Growth and Advancement है। यह उत्तर प्रदेश में डिजिटल समावेशन और सामाजिक विकास को बढ़ावा देने वाली राज्य स्तरीय पहल है। इस परियोजना का उद्देश्य उन क्षेत्रों तक तेज इंटरनेट पहुंचाना है, जहां अभी डिजिटल सुविधाएं सीमित हैं। इसके जरिए लोगों को ऑनलाइन शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, सरकारी सुविधाओं और घर से काम करने जैसे अवसरों से जोड़ने की योजना है। इस प्रोजेक्ट के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन (STC) और वनओटीटी इंटरटेनमेंट लिमिटेड के बीच मार्च 2026 में समझौता (MoU) हुआ था।

8 से 10 हजार डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर होंगे तैयार

प्रोजेक्ट गंगा की सबसे बड़ी खासियत स्थानीय स्तर पर डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर (DSP) नेटवर्क तैयार करना है। इसके तहत न्याय पंचायत स्तर पर 8 हजार से 10 हजार डिजिटल उद्यमियों को तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। ये डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर अपने क्षेत्रों में इंटरनेट कनेक्टिविटी और डिजिटल सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद करेंगे। इन्हें प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता और वित्तीय सहयोग भी दिया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि इस परियोजना से उत्तर प्रदेश में एक लाख से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे। इसमें युवाओं के साथ-साथ महिला उद्यमियों की भागीदारी पर भी जोर दिया गया है।

महिलाओं को मिलेगा विशेष अवसर

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वर्ष 2026-27 के बजट में 8,000 से 10,000 डिजिटल उद्यमी तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। इनमें करीब 50 प्रतिशत भागीदारी महिलाओं की रखने की योजना है। इसके जरिए युवाओं को डिजिटल अर्थव्यवस्था से जोड़ने और स्वरोजगार के नए अवसर पैदा करने की कोशिश की जा रही है।

20 लाख घरों तक पहुंचेगा ब्रॉडबैंड नेटवर्क

प्रोजेक्ट गंगा के तहत अगले 2 से 3 वर्षों में उत्तर प्रदेश के 20 लाख से ज्यादा घरों तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचाने की योजना है। इस सेवा को ‘गंगा फाइबर’ ब्रांड के तहत उपलब्ध कराया जाएगा। यह नेटवर्क घरों के साथ-साथ छोटे व्यवसायों और सरकारी संस्थानों के लिए भी उपयोगी होगा। परियोजना को लागू करने में वनओटीटी इंटरटेनमेंट लिमिटेड (OIL) तकनीकी और संचालन संबंधी सहयोग देगा। कंपनी के अनुसार, उसका नेटवर्क पहले से ही भारत में 50 लाख से ज्यादा घरों को जोड़ चुका है और हजारों शहरों व कस्बों में डिजिटल सेवाएं उपलब्ध करा रहा है।

कैसे जुड़ सकेंगे?

प्रोजेक्ट गंगा की शुरुआत के साथ इसका पोर्टल भी लॉन्च किया गया है जो कि https://www.projectganga.in/ है। इस पोर्टल पर जाकर आप इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। अप्लाई करने के बाद जरूरी डॉक्यूमेंट जमा करना होगा जिसके बाद आपक ISP यानी इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर का लाइसेंस मिल जाएगा। एक बार लाइसेंस मिलने के बाद आप अपने इलाके में लोगों को इंटरनेट सर्विस दे सकेंगे और कमाई कर सकते हैं। यह ठीक उसी तरह होगा जैसे एयरटेल, जियो, एक्ट फाइबरनेट, भारत ब्रॉडबैंड है। पोर्टल के मुताबिक इसके लिए किसी योग्यता की जरूरत नहीं है।

Pradeep Pandey
प्रदीप पाण्डेयauthor

प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिया को समझने और उसे आम पाठकों तक सरल व उपयोगी रूप में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। प्रदीप अब तक 11,000 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुके हैं। वह गैजेट रिव्यू, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, टेक टिप्स और नवीनतम टेक इनोवेशन पर लगातार काम करते हैं। एआई टूल्स पर एक्सपेरिमेंट करना, नए ऐप्स टेस्ट करना और टेक से जुड़े प्रैक्टिकल सॉल्यूशंस खोजने में उनकी खास रुचि है।

और पढ़ें
End of Article