टेक एंड गैजेट्स

सोशल मीडिया का ज्यादा इस्तेमाल बच्चों के लिए खतरनाक, एलन मस्क ने पेरेंट्स को चेताया

Social Media Impact on Kids: एलन मस्क ने कहा कि सोशल मीडिया कंपनियां ऐप पर यूजर इंगेजमेंट को बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का इस्तेमाल करती हैं, जो दिमाग में खुशी के एहसास से पैदा होने वाले रसायन 'डोपामाइन' को बढ़ाती है। बच्चे ज्यादातर इसी तकनीक का शिकार होते हैं।

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Social Media Impact on Kids

Social Media Impact on Kids: सोशल मीडिया के नकारात्मक प्रभावों का जिक्र करते हुए टेक अरबपति एलन मस्क ने कहा कि इसका ज्यादा इस्तेमाल बच्चों के लिए हानिकारक हो सकता है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया कंपनियां ऐप पर यूजर इंगेजमेंट को बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का इस्तेमाल करती हैं, जो दिमाग में खुशी के एहसास से पैदा होने वाले रसायन 'डोपामाइन' को बढ़ाती है। बच्चे ज्यादातर इसी तकनीक का शिकार होते हैं।

सोशल मीडिया के प्रभाव पर क्या बोले मस्क?

हाल ही में पेरिस में वीवाटेक फेयर को वर्चुअली संबोधित करते हुए मस्क ने बच्चों द्वारा सोशल मीडिया के इस्तेमाल पर पड़ने वाले प्रभाव पर जोर दिया। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "सोशल मीडिया का ज्यादा इस्तेमाल बच्चों के लिए बहुत खराब है।" मस्क ने सभी माता-पिता से बच्चों द्वारा सोशल मीडिया के इस्तेमाल के समय को सीमित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, "डोपामाइन को बढ़ाने के लिए सोशल मीडिया एआई के बीच अत्यधिक प्रतिस्पर्धा है।"

बच्चे हो रहे तकनीक का शिकार

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया कंपनियां ऐप पर यूजर इंगेजमेंट को बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का इस्तेमाल करती हैं, जो दिमाग में खुशी के एहसास से पैदा होने वाले रसायन 'डोपामाइन' को बढ़ाती है। बच्चे ज्यादातर इसी तकनीक का शिकार होते हैं।

9 बच्चों के पिता एलन मस्क ने पिछले साल कहा कि उन्होंने कभी अपने बच्चों को सोशल मीडिया इस्तेमाल करने से रोका नहीं है, पर अब लगता है ये गलती हो सकती है। उन्होंने मेटा के फेसबुक और इंस्टाग्राम की भी आलोचना की है, जिसमें कहा गया है कि इन प्लेटफार्मों ने अपने टूल के माध्यम से बाल शोषण को बढ़ावा दिया है।

इनपुट-IANS

Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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