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सेमीकंडक्टर हब बनेगा भारत, चीन के विकल्प के रुप में देख रहीं चिपमेकिंग कंपनियां

Chipmaking Equipment Industry: हाल के वर्षों में, अमेरिका के साथ तनाव के कारण, कंपनियों के चीन से बाहर जाने का रुख रहा है। एप्पल आईफोन और अन्य उत्पादों का उत्पादन चीन से भारत स्थानांतरित कर रहा है। मार्च में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1.25 लाख करोड़ रुपये की तीन सेमीकंडक्टर परियोजनाओं की आधारशिला रखी थी।

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Chipmaking Equipment Industry: चिपमेकिंग उपकरण इंडस्ट्री अब भारत की ओर रुख कर रहा है। चीन और पश्चिम देशों के बीच तनाव के चलते ये कंपनियां अब भारत को चीन के विकल्प के रूप में देख रही है। अंतर्राष्ट्रीय चिप इंडस्ट्री समूह 'एसईएमआई' सितंबर में पहली बार भारत में अपनी सेमीकॉन प्रदर्शनी आयोजित करने के लिए तैयार है। निक्केई एशिया की रिपोर्ट के अनुसार, यह प्रदर्शनी पहले अमेरिका, जापान, यूरोप, ताइवान, दक्षिण कोरिया, चीन और दक्षिण पूर्व एशिया में आयोजित की जा चुकी है।

इन देशों की कंपनियां लेंगी भाग

प्रदर्शनी में टोक्यो इलेक्ट्रॉन, डिस्को, कैनन, टोक्यो सेइमित्सु और दाइफुकु सहित कई जापानी कंपनियों के भाग लेने की योजना है। टोक्यो इलेक्ट्रॉन चिपमेकिंग प्रक्रिया में वेफर डिपोजिशन, कोटिंग और अन्य कई उपकरण प्रदर्शित करेगा। इसके अतिरिक्त, एप्लाइड मैटेरियल्स, लैम रिसर्च और केएलए जैसी अमेरिका-आधारित कंपनियों के भी प्रदर्शनी में बड़े बूथ होंगे।

तीन सेमीकंडक्टर प्लान

हाल के वर्षों में, अमेरिका के साथ तनाव के कारण, कंपनियों के चीन से बाहर जाने का रुख रहा है। एप्पल आईफोन और अन्य उत्पादों का उत्पादन चीन से भारत स्थानांतरित कर रहा है। मार्च में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1.25 लाख करोड़ रुपये की तीन सेमीकंडक्टर परियोजनाओं की आधारशिला रखी थी।

चिप मैन्युफैक्चरिंग सेंटर

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड (टीईपीएल) द्वारा 91 हजार करोड़ रुपये के निवेश के साथ गुजरात के धोलेरा विशेष निवेश क्षेत्र (डीएसआईआर) में चिप मैन्युफैक्चरिंग सेंटर की स्थापना की जा रही है। टीईपीएल की ओर से टेस्टिंग, मार्किंग और पैकेजिंग (टीएमपी) के लिए असम के मोरीगांव में आउटसोर्स सेमीकंडक्टर असेंबली और टेस्ट (ओएसएटी) सुविधा सेमीकंडक्टर असेंबली की स्थापना की जा रही है। इसमें 27 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा।

सेमीकंडक्टर हब बनेगा भारत

अप्रैल में केंद्रीय रेल और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि भारत ने चार सेमीकंडक्टर विनिर्माण इकाइयां चालू की हैं और पांच वर्षों में देश दुनिया के सबसे बड़े सेमीकंडक्टर केंद्रों में से एक बन जाएगा। हांगकांग स्थित काउंटरपॉइंट टेक्नोलॉजी मार्केट रिसर्च के अनुसार, भारत का सेमीकंडक्टर-संबंधित बाजार 2026 में 64 बिलियन डॉलर तक पहुंच जाएगा। यह 2019 के मुकाबले लगभग तीन गुना होगा।

Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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