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क्या अब हाथ पढ़ने और राशिफल बताने का काम करेगा AI? जानें एक्सपर्ट की राय

AI Meets Astrology: उद्योग विशेषज्ञों का मानना ​​है कि भविष्य में एआई इंटेलिजेंस मानव ज्ञान और विशेषज्ञता की जगह लेने के बजाय उसकी पूरक होगा। यह दिलचस्प मिश्रण सिर्फ एक गुजरता हुआ चलन नहीं है, बल्कि यह भारत में लाखों लोगों के सितारों और उनके भाग्य से जुड़ने के तरीके को बदल रहा है।

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AI Meets Astrology

AI Meets Astrology: टेक्नोलॉजी और परंपरा के रोमांचक मेल में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल अब ज्योतिष क्षेत्र (Astrology) में भी हो रहा है। यह व्यक्तिगत सोच तक त्वरित पहुंच को सक्षम कर रही है, और लेटेस्ट डिजिटल प्लेटफार्म के माध्यम से अपने भविष्य के बारे में जानने को उत्सुक टेक-प्रेमी जनरेशन को आकर्षित कर रही है।

उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में एआई इंटेलिजेंस मानव ज्ञान और विशेषज्ञता की जगह लेने के बजाय उसकी पूरक होगा। यह दिलचस्प मिश्रण सिर्फ एक गुजरता हुआ चलन नहीं है, बल्कि यह भारत में लाखों लोगों के सितारों और उनके भाग्य से जुड़ने के तरीके को बदल रहा है।

एस्ट्रोसेज एआई के संस्थापक पुनीत पांडेय ने कहा, “भारत में एआई, कुंडली को डिजिटल बनाकर, तत्काल व्यक्तिगत कुंडली पढ़ने की पेशकश करके और उपयोगकर्ताओं को किसी भी समय, कहीं भी ज्योतिषीय मार्गदर्शन प्राप्त करने में सक्षम बनाकर पारंपरिक प्रथाओं को बदल रहा है, जिससे ज्योतिष अधिक सुलभ और लोकप्रिय हो गया है।” उन्होंने कहा, “हमारे एआई ज्योतिषी कुछ ही सेकंड में जवाब दे सकते हैं। ये जवाब न केवल त्वरित हैं बल्कि अधिक सटीक भी हैं जो उपयोगकर्ताओं के साथ गहराई से जुड़ते हैं।”

पांडेय ने कहा कि एआई-आधारित ज्योतिष ऐप उपयोगकर्ता-अनुकूल इंटरफेस प्रदान करते हैं, जिससे उपयोगकर्ताओं के लिए बातचीत करना और उपयोगी जानकारी प्राप्त करना आसान हो जाता है और इसमें दैनिक भविष्यवाणियां, अनुकूलता रिपोर्ट और व्यक्तिगत सलाह जैसी विभिन्न अतिरिक्त सुविधाएं होती हैं।

उन्होंने कहा कि एस्ट्रोसेज के एआई फीचर ने 2024 में शुरुआत के बाद से 2.5 करोड़ से अधिक प्रश्नों का उत्तर दिया है, जो सकारात्मक उपयोगकर्ता प्रतिक्रिया को दर्शाता है। इस परिवर्तन के मूल में परिष्कृत प्रौद्योगिकी है। बड़े भाषा मॉडल (एलएलएम) और मशीन लर्निंग एल्गोरिदम ज्योतिषीय डेटा के प्रसंस्करण में सहायता कर रहे हैं।

इंस्टाएस्ट्रो के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) नितिन वर्मा ने कहा, “हम ज्योतिष को डिजिटल युग में लाने के लिए उन्नत प्रौद्योगिकियों के मिश्रण का उपयोग करते हैं। चलन को पहचानने और भविष्यवाणियों को बेहतर बनाने में मशीन लर्निंग बड़ी भूमिका निभाती है। प्राकृतिक भाषा प्रसंस्करण हमें सहज ज्ञान युक्त चैटबॉट बनाने में मदद करता है जो ऑफलाइन उपयोगकर्ता सवालों को समझते हैं और उनका जवाब देते हैं।”

वर्मा ने कहा कि “बिग डेटा एनालिटिक्स हमें वर्षों की ज्योतिषीय अंतर्दृष्टि को संसाधित करने में सक्षम बनाता है, जबकि अनुशंसा एल्गोरिदम उपयोगकर्ताओं को उनकी विशिष्ट आवश्यकताओं के आधार पर सही ज्योतिषियों से मिलाने में मदद करता है।”

एस्ट्रोयोगी के सह-संस्थापक और मुख्य परिचालन अधिकारी (सीओओ) आदित्य कपूर ने कहा, “उच्च सोशल मीडिया उपयोग वाले शहरों में, हमारे ज्योतिष उत्साही लोगों में ‘जेन-जेड’ की संख्या 60 प्रतिशत से अधिक है। दिलचस्प बात यह है कि इनमें से लगभग 55 प्रतिशत युवा उपयोगकर्ता विशेष रूप से हमारे एआई-आधारित मंच के माध्यम से संबंधों के मार्गदर्शन की तलाश करते हैं।”

इनपुट-भाषा

Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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