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AI गुरु का बड़ा दावा, एंट्री लेवल कर्मचारी से लेकर CEO तक की नौकरी खाएगा एआई

Russell का कहना है कि यह स्थिति इतनी गंभीर है कि दुनिया के हर देश को बड़ी बेरोजगारी की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि समाज अब "80% बेरोजगारी का सामना कर रहा है।"

Artificial intelligence job disruption

Artificial intelligence job disruption/photo-AI

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तेजी से हमारे काम करने के तरीकों को बदल रहा है। आजकल AI से नौकरी छिनने का डर आम बात हो गई है। बड़े टेक कंपनियों ने पहले ही हजारों कर्मचारियों को AI इंटिग्रेशन को बढ़ावा देने के लिए निकाला है, लेकिन AI विशेषज्ञ Stuart Russell का कहना है कि कोई भी सुरक्षित नहीं है, यहां तक कि CEO भी इस बदलाव से अछूते नहीं रहेंगे।

AI बन सकता है इंसान से बेहतर सर्जन

Diary of a CEO पॉडकास्ट में Stuart Russell ने कहा कि AI सिस्टम अब लगभग हर काम कर सकते हैं जिसे हम "काम" कहते हैं। उनका कहना है कि पारंपरिक और एक्सपर्ट नौकरियां भी जल्दी ऑटोमेट हो सकती हैं, चाहे वह सर्जन की ही क्यों न हो। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा, "अगर कोई चाहता है कि वह सर्जन बने, तो AI को सात सेकंड लगते हैं ऐसा सर्जन बनने में जो किसी भी इंसान से बेहतर हो।"

AI की नजर CEO पर भी

अब तक AI का असर मुख्य रूप से मध्य और निचले स्तर के कर्मचारियों पर देखा गया है, लेकिन Russell का मानना है कि भविष्य में एग्जीक्यूटिव्स और CEO भी सुरक्षित नहीं रहेंगे। उन्होंने कहा, "सोचिए उस CEO की हालत, जिसे बोर्ड कहता है, 'अगर आप अपने फैसलों को AI सिस्टम को नहीं सौंपते, तो हमें आपको निकालना पड़ेगा क्योंकि हमारे प्रतिस्पर्धी AI-CEO का इस्तेमाल कर बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।'"

Russell का कहना है कि यह स्थिति इतनी गंभीर है कि दुनिया के हर देश को बड़ी बेरोजगारी की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि समाज अब "80% बेरोजगारी का सामना कर रहा है।"

अन्य विशेषज्ञों की राय

Stuart Russell ही अकेले नहीं हैं। Google के CEO Sundar Pichai ने भी BBC को बताया, "मुझे लगता है कि CEO का काम शायद AI के लिए सबसे आसान कार्यों में से एक है।" कुछ तकनीकी विशेषज्ञ जैसे Andrew Yang और Anthropic के CEO Dario Amodei अनुमान लगाते हैं कि अमेरिका में AI के चलते करोड़ों नौकरियां या तो खत्म हो जाएंगी या बदल जाएंगी।

वहीं Nvidia के Jensen Huang और Meta के Yann LeCun का कहना है कि AI काम को पूरी तरह खत्म नहीं करेगा, बल्कि बदल देगा। इसके विपरीत, Elon Musk का मानना है कि AI भविष्य में काम करना इंसानों के लिए वैकल्पिक बन सकता है।

Pradeep Pandey
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प्रदीप पाण्डेय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में टेक और ऑटो बीट पर कंटेंट तैयार करते हैं। डिजिटल मीडिया में 10 वर्षों के अनुभव के साथ प्रदीप तकनीक की दुनिय... और देखें

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