Sharmila Dhankar: भारत के लिए पहला वर्ल्ड कप किसने जीता, आईपीएल का पहला चैंपियन कौन था, पहली बार वनडे क्रिकेट में दोहरा शतक किसने जड़ा, ये वो सवाल हैं, जिनके जवाब इतिहास के पन्नों में हमेशा के लिए दर्ज हो गए। ऐसा ही एक सवाल ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स से पहले भारतीय पैरा एथलीट के सामने था। सवाल था कि कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के लिए पहला गोल्ड मेडल कौन पैरा एथलीट लाएगा, इसका जवाब दिया शर्मिला धनकड़ ने जिन्होंने F57 कैटेगरी में 9.81 मीटर दूर गोला फेंककर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
शर्मिला पैरा-एथलेटिक्स पोडियम पर पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। जीत के बाद स्वदेश लौटने पर हमेशा की तरह जब भारतीय दल ने पीएम मोदी से मुलाकात की। मुलाकात के बाद शर्मिला और पीएम नरेंद्र मोदी की बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ। इस वीडियो में वह 3 मेडल लाने का वादा कर रही थीं। शर्मिला की नजर अब 18 अक्टूबर से शुरू हो रहे एशियन पैरा गेम्स पर है जहां वह ग्लासगो की उपलब्धि को दोहराना चाहेगी। उन्होंने एशियन गेम्स में अपनी तैयारी और 2030 में अपने परिवार से 3 मेडल लाने के अपने वादों पर टाइम्सनाउ नवभारत से खास बातचीत की है।

शर्मिला धनकड़
2030 कॉमनवेल्थ गेम्स में 3 मेडल का वादा
चुनाव के वक्त आपने एक परिवार से कितने वोट हैं तो बहुत बार सुना होगा, लेकिन एक परिवार से कितने मेडल आएंगे, ऐसी बातचीत पहली बार पीएम मोदी और शर्मिला धनकड़ की मुलाकात में सामने आई। इस बातचीत में उन्होंने अपने परिवार से 3 मेडल लाने का वादा पीएम से किया। हालांकि, उन्होंने यह वादा 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स के दौरान की थी। हालांकि, तब उनकी बेटियां छोटी थी। यही कारण है कि पीएम मोदी ने इस बार उनसे 3 मेडल के वादे को लेकर सवाल पूछा। शर्मिला ने बताया कि अहमदाबाद में होने वाले CWG 2030 में पक्का वह पीएम मोदी से किया वादा पूरा करेंगी।
कौन सा खेल खेलती हैं शर्मिला की बेटियां
शर्मिला ने अपनी बेटियों के बारे में बताया जो उनके इस वादे को 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स में पूरा करने वाली हैं। शर्मिला की दो बेटियां हैं जिनका नाम अनुज और लक्ष्मी है। दोनों अलग-अलग खेल की तैयारी में लगी हैं। छोटी बेटी 13 साल की है जबकि बड़ी बेटी 16 साल की है। एक लांग जंप में अपनी तैयारी कर रही है तो दूसरी जैवलिन थ्रो में पसीना बहा रही है। शर्मिला ने कहा कि अहमदाबाद में होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 में पूरी कोशिश रहेगी कि उनके साथ-उनकी दोनों बेटियां भी देश के लिए मेडल लाएं। उन्होंने कहा कि जब तक इस वादे को पूरा नहीं कर लेते तब तक कोशिश जारी रहेगी। उनकी बेटी देश के सबसे बड़े जैवलिन थ्रोअर और दो बार के ओलंपिक मेडलिस्ट नीरज चोपड़ा से भी मिल चुकी हैं।

शर्मिला धनकड़
धनकड़ परिवार कर रहा है पूरी तैयारी
शर्मिला ने बताया कि धनकड़ परिवार ने पीएम मोदी से जो 3 मेडल लाने का वादा किया है, उसको ध्यान में रखते हुए पूरी तैयारी चल रही है, बाकी किस्मत पर है। हमारी तरफ से हम कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।
मौजूदा सरकार में खिलाड़ियों का खास ध्यान
शर्मिला ने बताया कि मौजूदा सरकार खिलाड़ियों को बहुत सुविधा दे रही है। उन्होंने कहा कि पहले ऐसा नहीं था जैसा अब है। उन्होंने इसका पूरा श्रेय पीएम मोदी को दिया। वह पहले ऐसे प्रधानमंत्री हैं जो खिलाड़ियों के साथ खड़े होकर चलते हैं। उन्होंने हरियाणा सरकार के भी फुल सपोर्ट की बात की। उन्होंने बताया कि हरियाणा सरकार बुधवार को पंचकुला में आयोजित एक समारोह में कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में मेडल लाने वालों को सम्मानित करेगी।
परेशान होती हैं तो क्या करती हैं शर्मिला?
शर्मिला ने बताया कि वह जब भी परेशान होती हैं म्यूजिक सुनती है। इसके अलावा वह अपने कुत्तों के साथ समय बिताना पसंद करती हैं। उन्होंन हंसते हुए कहा कि उनके पति कभी उन्हें परेशान होने नहीं देते हैं। आपको बता दें कि शर्मिला ने 2018 में अजित सिंह के साथ दूसरी शादी की थी। यह उनके जीवन का टर्निंग प्वाइंट भी साबित हुआ।

गोल्ड मेडल के साथ शर्मिला
देश के पिताओं को शर्मिला का संदेश
शर्मिला ने देश के पिताओं से एक खास गुजारिश की। उन्होंने कहा कि बात केवल खेल की नहीं है। परिवार को हर हाल में और किसी भी क्षेत्र में अपनी बेटी का साथ देना चाहिए। उन्होंने कहा कि लड़की, लड़कों से कमजोर नहीं होती। अगर उन्हें थोड़ा सपोर्ट किया जाए तो वो चांद भी छू सकती हैं।
