Vaibhav Sooryavanshi: भारतीय क्रिकेट का नए सितारे वैभव सूर्यवंशी इन दिनों जिम्बाब्वे दौरे पर इतिहास लिख रहे हैं। वह 16 साल की उम्र से पहले इंटरनेशनल क्रिकेट में दो अर्धशतक जड़ने वाले दुनिया के इकलौते पुरुष क्रिकेटर बन गए हैं। इससे पहले मेन्स क्रिकेट में यह कारनामा किसी ने नहीं किया है। जिम्बाब्वे के खिलाफ दूसरे और तीसरे टी20 मुकाबले में वैभव ने शानदार पचासा लगाया। दूसरे मुकाबले में उन्होंने जहां 19 गेंदों में 50 रन बनाया था। वहीं तीसरे मैच में ओपनिंग करने उतरे वैभव ने 31 गेंद में अर्धशतक पूरा किया। इस पारी के दौरान उन्होंने 6 चौके और 2 छक्के जड़े।
वैभव सूर्यवंशी ने रच दिया इतिहास
वैभव तीसरे टी20 में 81 रन बनाकर आउट हुए। अपनी 49 गेंदों की पारी में उन्होंने 8 चौके और 4 छक्के लगाए। हालांकि, वह शतक लगाने से चूक गए। अगर वह शतक जड़ देते तो इंटरनेशनल क्रिकेट में शतक लगाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बन जाते और शाहिद अफरीदी का रिकॉर्ड तोड़ देते।भले ही वह शतक नहीं लगा पाए लेकिन इस मैच में अपनी तूफानी बैटिंग से टीम इंडिया को जबरदस्त शुरुआत दिलाई। इस तरह सीरीज में उनके नाम 2 अर्धशतक हो गए हैं। इस पारी के साथ वैभव ने टी20 क्रिकेट में पावरप्ले में 500 रन भी पूरे कर लिए। नेपाल के कुशाल मल्ला ने 15 साल की उम्र में एक अर्धशतक लगाया था। वैभव सूर्यवंशी ने अब उस रिकॉर्ड को भी तोड़ दिया है। वैभव की यह पारी इसलिए भी खास रही क्योंकि भारत को 20 रन पर पहला झटका लग चुका था। ऐसे में ईशान किशन के साथ उन्होंने मोर्चा संभाला।
भारत ने टॉस जीतकर चुनी बल्लेबाजी
वैभव और ईशान किशन ने तीसरे मैच में दूसरे विकेट के लिए 75 रन की साझेदारी की। हालांकि, ईशान किशन 26 गेंद में 29 रन बनाकर सिकंदर रजा की गेंद पर क्लीन बोल्ड हुए, लेकिन तब तक भारत मजबूत स्थिति में पहुंच चुका था। इससे पहले भारत के कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। भारत ने आज के मैच में दो बदलाव किए। प्रिंस यादव की जगह अशोक शर्मा और शिवम दूबे की जगह सूर्यांश शेडगे को प्लेइंग-11 में जगह मिली। अगर भारत आज का मैच जीतता है तो वह सीरीज में 3-0 से क्लीन स्वीप कर लेगा।
