चेन्नई: रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के बल्लेबाजी कोच दिनेश कार्तिक ने बृहस्पतिवार को कहा कि विराट कोहली की अनुकरणीय कार्यशैली उनके साथियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी हुई है और यह भारतीय सुपरस्टार खुद में लगातार सुधार करने के लिए प्रतिबद्ध है। पिछले आईपीएल चरण के बाद संन्यास लेने वाले आरसीबी के पूर्व खिलाड़ी कार्तिक ने कहा कि कोहली में पहले की तरह ही भूख है।
विराट के अंदर अभी भी है अच्छे प्रदर्शन की भूख
पूर्व भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज ने आरसीबी बनाम चेन्नई सुपर किंग्स मुकाबले की पूर्व संध्या पर कहा,'अभी जब मैं मैदान पर आया तो आज भी वह एक और शॉट पर काम करना चाहते हैं। इस समय एक और शॉट पर काम करना आपको बताता है कि उनके अंदर अभी कितनी भूख है। वह सिर्फ सुधार करना चाहते हैं और अपने खेल का मानक बढ़ाना चाहते हैं। इसलिए वह एक खास खिलाड़ी हैं। और इस समय जैसा कि मैं देखता हूं, वह आईपीएल में पहले की तरह ही आत्मविश्वास से और अच्छी बल्लेबाजी कर रहे हैं।'
हाल के दिनों में स्पिन के खिलाफ अच्छा खेले हैं विराट
कार्तिक ने स्पिन के खिलाफ उनके हालिया संघर्ष पर कहा,'उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी में कुछ बेहतरीन रन बनाये। उन्होंने हाल के दिनों में स्पिन के खिलाफ अच्छी बल्लेबाजी की है, खासकर सफेद गेंद वाले क्रिकेट में। इसलिए मैं आंकड़ों में बहुत गहराई में नहीं जाना चाहता। मुझे बहुत जानकारी नहीं है। लेकिन मुझे याद है तो विश्व कप फाइनल, जिसमें उन्होंने रन बनाए जहां इसकी जरूरत थी। और इसके अलावा चैंपियंस ट्रॉफी में भी अच्छा प्रदर्शन किया, वह दूसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी (पांचवें) रहे। और ऐसा स्पिन खेले बिना नहीं हो सकता है क्योंकि जैसा कि आप सभी जानते हो कि दुबई में स्पिनरों को कितनी मदद मिलती है। इसलिए मेरा मानना है कि अभी वह उतनी ही अच्छी बल्लेबाजी कर रहे हैं जितनी पहले करते थे।'
पिछले 17 साल में चेन्नई को उसके घर पर नहीं हरा पाई है आरसीबी
आरसीबी ने पिछले 17 साल में एक बार भी चेन्नई सुपरकिंग्स को उसके घरेलू मैदान पर नहीं हराया है। रजत पाटीदार की टीम शुक्रवार को चेपॉक में पांच बार की पूर्व चैंपियन टीम से भिड़ने पर एक बार फिर स्पिन की परीक्षा से गुजरेगी। यह पूछने पर कि आरसीबी के बल्लेबाजों के लिए स्पिन खेलना एक समस्या है, कार्तिक ने कहा,'मुझे नहीं लगता कि कोई समस्या है। हमने अभी एक मैच खेला, पिछले साल की तुलना में पूरी तरह से नयी टीम है। मेरा मानना है कि जिस तरह से हम स्पिन खेलते हैं हमारी एक मजबूती यही है। और जैसे-जैसे यह टूर्नामेंट आगे बढ़ेगा, आप इसे होते देखेंगे।'
इस वजह से स्पिन के खिलाफ लड़खड़ाते हैं युवा खिलाड़ी
सीएसके के लंबे समय से कार्यरत कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने फ्रेंचाइजी को आईपीएल में पांच खिताब जीत दिलाए हैं। उनका मानना है कि युवा खिलाड़ी कभी-कभी स्पिन के खिलाफ संघर्ष करते हैं क्योंकि उनके पास स्पिनरों को खेलने की बारिकी के लिए जरूरी प्रथम श्रेणी के अनुभव की कमी है। न्यूजीलैंड के 51 वर्षीय इस खिलाड़ी ने कहा,'इनमें से बहुत से खिलाड़ी प्रथम श्रेणी क्रिकेट के एक सत्र या आधे सत्र, या अधिकतम दो सत्रों से खेलकर सीधे आ रहे हैं। उनके पास बहुत अधिक खेलने का अनुभव नहीं है। उनके पास प्रथम श्रेणी में 10 साल का अनुभव नहीं है।'
