बेंगलुरू: इंडियन प्रीमियर लीग के 17वें सीजन के सबसे अहम मुकाबले में शनिवार को आरसीबी और सीएसके के बीच बेंगलुरू के चिन्नास्वामी स्टेडियम में भिड़ंत हुई। इस मैच में आरसीबी टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी। विराट कोहली और कप्तान फॉफ डुप्लेसी ने टीम को शानदार शुरुआत दी। दोनों ने पहले तीन ओवर में 31 रन बगैर किसी नुकसान के बना लिए थे। इसके बाद बारिश शुरू हो गई। बारिश के रुकने के बाद जब दोबारा खेल शुरू हुआ तो पिच पर गेंद ज्यादा टर्न होने लगी और रन गति धीमी पड़ गई। ऐसी स्थिति में विराट कोहली 29 गेंद में 47 रन बनाकर आउट हुए। इसके बाद डुप्लेसी ने मोर्चा संभाले रखा और 39 गेंद में 54 रन बनाकर रन आउट हो गए।
नॉन-स्ट्राइकर छोर पर रन आउट हुए डुप्लेसी
डुप्लेसी 13वें ओवर की आखिरी गेंद पर नॉन स्ट्राइकर छोर पर विवादास्पद रूप से रन आउट हुए। रजत पाटीदार ने सीधा शॉट खेला और गेंद गेंदबाजी कर रहे मिचेल सेंटनर के हाथ को छूकर सीधे नॉन-स्ट्राइकर छोर के स्टंप्स पर जा लगी। सेंटनर ने रन आउट की अपील की और फील्ड अंपायर ने इसके लिए तीसरे अंपायर की मदद ली।
(वीडियो साभार IPL/BCCI)
अल्ट्राएज से हुई गेंद से हाथ के संपर्क की पुष्टि
तीसरे अंपायर माइकल गॉफ ने समय लेते हुए डुप्लेसी को रन आउट करार दिया। इस फैसले से डुप्लेसी और आरसीबी के खिलाड़ी नाखुश दिखे। तीसरे अंपायर ने पाया कि जब गेंद स्टंप्स पर लगी तब डुप्लेसी का बल्ला हवा में था। गेंद सेंटनर के हाथ पर लगी या नहीं यह जानने के लिए भी तीसरे अंपायर ने अल्ट्राएज की मदद ली जहां गेंद का हाथ से संपर्क स्पष्ट हुआ। इसके बाद जब गेंद स्टंप्स पर लगी तब डुप्लेसी का बल्ला हवा में था और उन्हें आउट करार दिया गया।
नहीं लगा था जमीन पर बल्ला
मौजूदा सीजन में अंपायरिंग की कड़ी आलोचना हुई है। लेकिन इंग्लैंड के अंपायर माइकल गॉफ ने शानदार ढंग से फैसला किया और डुप्लेसी को आउट दिया। हालांकि आरसीबी के फैन्स इस फैसले को गलत मान रहे हैं लेकिन कमेंट्री कर रहे पूर्व खिलाड़ियों ने उनके निर्णय को सही माना और गॉफ के फैसले की तारीफ की।
