IPL 2023, Rohit Sharma: भारतीय कप्तान रोहित शर्मा का मानना है कि टी20 क्रिकेट बदल गया है और अब इस प्रारूप में एंकर (एक छोर पर टिककर बल्लेबाजी करने वाला) की कोई भूमिका नहीं रह गयी है। उन्होंने कहा कि वह विचार कर रहे हैं बल्लेबाज के तौर पर वह और अधिक क्या हासिल कर सकते हैं और इस रवैया में बदलाव के कारण उन्हें असफलता का सामना भी करना पड़ रहा है।
सभी प्रारूपों में भारतीय कप्तान रोहित का कहना है कि एक बल्लेबाज के रूप में वह परिणामों के बारे में बहुत अधिक चिंता किए बिना अब चीजों को ‘अलग’ तरीके से करना चाहते हैं और पावर-हिटिंग कभी भी उनकी विशेषता नहीं रही। रोहित ने ‘जियो सिनेमा’ से कहा, ‘‘जैसा कि मैं देख रहा हूं, एंकर के लिए अब कोई भूमिका नहीं है। इन दिनों टी20 क्रिकेट इसी तरह खेला जाता है, जब तक कि आप 20 रन तक तीन या चार विकेट नहीं गंवा देते लेकिन ऐसा कर दिन नहीं होने वाला।’’
उन्होंने कहा, ‘‘कभी कभार आपको ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ सकता है और फिर किसी को पारी को संवारने और अच्छे स्कोर तक पहुंचाने की जरूरत है। एंकर के लिए अब कोई भूमिका नहीं है, खिलाड़ी तरह से खेल रहे हैं।’’ रोहित को लगता है कि मानसिकता में बदलाव अनिवार्य है। उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप अपनी मानसिकता नहीं बदलते हैं, तो आप धराशायी हो जाओगे। दूसरी ओर लोग खेल के बारे में अलग तरह से सोच रहे हैं और इसे अगले स्तर पर ले जा रहे हैं।’’
रोहित ने कहा, ‘‘सभी सात बल्लेबाजों को अपनी भूमिका निभाने की जरूरत है, मेरा मानना है कि यदि आप एक अच्छा स्कोर बनाते हैं तो यह अच्छा है लेकिन यहां तक कि अगर आप 10-15 या 20 गेंदों पर 30-40 का अच्छा स्कोर बनाते हैं तो यह भी उतना ही अच्छा है क्योंकि आप टीम के लिए भूमिका निभा रहे हैं। खेल बदल गया है।’’
मुंबई इंडियंस और भारत के कप्तान ने कहा कि उन्होंने बल्लेबाजी के लिए एक विशेष रवैये पर टिके रहने के लिए काफी लंबा टी20 क्रिकेट खेला है। उन्होंने कहा, ‘‘मैं बस उस तरह से खेलना चाहता हूं और देखना चाहता हूं कि मैं क्या कर सकता हूं। मैंने लंबे समय तक और एक निश्चित तरीके से इस प्रारूप को खेला है लेकिन मैं अब अलग चीजें करना चाहता हूं। ऐसा करते हुए, (अगर) मैं आउट हो जाता हूं तो (यह) वास्तव में मुझे परेशान नहीं करता है।’’
