एशिया कप 2025 में टीम इंडिया की जीत का रथ पथुम निसांका और श्रीलंका ने रोक ही दिया था, लेकिन अर्शदीप सिंह ने ऐसा होने नहीं दिया। पहले 19वें ओवर और फिर सुपर-ओवर में उन्होंने जिस तरह की गेंदबाजी की, टीम इंडिया का विजयी अभियान आखिरी मैच में भी जारी रहा। अब उन्होंने अपने स्पेल के बारे में बात की है और बताया है कि आखिर किस योजना के साथ वह श्रीलंका के खिलाफ गेंदबाजी कर रहे थे। उन्होंने सुपर ओवर में अपनी सफलता का श्रेय वाइड यॉर्कर फेंकने की अपनी काबिलियत को दिया। श्रीलंकाई बल्लेबाज पाथुम निसांका और कुसल परेरा ने शुक्रवार को अर्शदीप के दो ओवरों में 26 रन जुटाए। लेकिन बाएं हाथ के इस तेज गेंदबाज ने अच्छी वापसी की और सुपर ओवर में सिर्फ दो रन दिए और साथ ही परेरा और दासुन शनाका के विकेट भी लिए।
बीसीसीआई द्वारा पोस्ट किए गए एक वीडियो में अर्शदीप ने कहा, ‘‘मैं सोच रहा था कि पावर प्ले में हमारे खिलाफ रन बने। लेकिन बाद में सभी ने योगदान दिया और मैच को सुपर ओवर तक ले गए। सुपर ओवर में मेरी योजना स्पष्ट थी कि वाइड यॉर्कर फेंको और श्रीलंकाई बल्लेबाजों को सिर्फ ऑफ-साइड में ही रन बनाने दो।। ’’ यह योजना कारगर रही जिससे परेरा और शनाका दोनों डीप प्वाइंट (रिंकू सिंह) और डीप बैकवर्ड प्वाइंट (जितेश शर्मा) पर कैच आउट हुए। इस तरह सुपर ओवर में भारत विजेता बना।
अर्शदीप ने मौजूदा एशिया कप में सिर्फ दो मैच खेले हैं क्योंकि भारत दुबई की पिचों को देखते हुए जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पंड्या के साथ ही खेला। लेकिन वह निराश नहीं हैं। उन्होंने कहा, ‘‘मैं हमेशा खुद को मानसिक रूप से तैयार रखने की कोशिश करता हूं। जब भी आप सोने जाएं तो आपको यह महसूस होना चाहिए कि आपने अपना शत प्रतिशत दिया है। जब आप नहीं खेल रहे हों तो आपको मैदान के बाहर अपना शत प्रतिशत देना चाहिए और खेल रहे खिलाड़ियों का ध्यान रखना चाहिए, अच्छी ट्रेनिंग करनी चाहिए और अपनी फिटनेस पर काम करना चाहिए। ’’ इस 26 वर्षीय खिलाड़ी के लिए खुशी का पल तब आया जब वह टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 100 विकेट पूरे करने वाले पहले भारतीय गेंदबाज बने।
