न्यूयॉर्क, (एपी)। फीफा वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में स्पेन ने डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर 16 साल बाद अपना दूसरा .खिताब जीता। साल 2010 में स्पेन ने अपना पहला खिताब जीता था। फाइनल के साथ ही फुटबॉल के महाकुंभ का समापन हो गया। विश्व कप में सैकड़ों शानदार क्षण देखने को मिले। अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको में 39 दिनों में खेले गए सभी 104 मैचों का आकलन करके यहां कुछ सर्वश्रेष्ठ पलों का जिक्र किया जा रहा है।
टूर्नामेंट का गोल
अर्जेंटीना और केप वर्दे के बीच तीन जुलाई को फ्लोरिडा के मियामी गार्डन्स में खेले गए राउंड ऑफ 32 के मैच में सिडनी लोपेज कैब्राल ने अतिरिक्त समय में गोल दागकर पिछली बार की चैंपियन टीम को चौंका दिया। टूर्नामेंट में 67वीं रैंकिंग पर काबिज केप वर्दे 103वें मिनट में 2-1 से पीछे चल रही थी, जब कैब्राल ने यानिक सेमेडो के लंबे पास को बाएं फ्लैंक के पास से अपने बाएं पैर से नियंत्रित किया और फिर पेनल्टी एरिया के ठीक अंदर से गोलकीपर एमिलियानो मार्टिनेज को पछाड़ते हुए गोल किया। यह अंतरराष्ट्रीय मैचों में उनका चौथा गोल था। अर्जेंटीना ने आत्मघाती गोल से जीत हासिल की थी।
टूर्नामेंट का सबसे बड़ा उलटफेर
जर्मनी ने क्यूरासाओ और आइवरी कोस्ट पर जीत हासिल करके ग्रुप में अपना शीर्ष स्थान पक्का किया, लेकिन वह पहले दौर के आखिरी मैच में इक्वाडोर से हार गया। दूसरी तरफ पराग्वे तीसरे नंबर की सर्वश्रेष्ठ टीम के रूप में आगे पहुंची थी लेकिन उसने राउंड ऑफ 32 में चार बार के चैंपियन जर्मनी को पेनल्टी शूटआउट में हराकर टूर्नामेंट का सबसे बड़ा उलटफेर किया।
उभरता हुआ खिलाड़ी
बार्सिलोना के 19 वर्षीय डिफेंडर पाउ कुबार्सी ने स्पेन के दूसरे और 2010 के बाद पहले खिताब जीतने में अहम भूमिका निभाई और हर मैच में पूरे समय खेले। उन्होंने 690 प्रयासों में 668 सफल पास दिए, जिसकी दर 96.8 प्रतिशत थी। सबसे सफल पास देने के मामले में वह नॉर्वे के सैंडर बर्गे (96.9 प्रतिशत) के बाद दूसरे नंबर पर रहे। सर्वाधिक पास देने के मामले में वह अपनी टीम के कप्तान रोड्रि के 747 के बाद दूसरे स्थान पर रहे। यही नहीं वह 19 साल और 178 दिन की उम्र में विश्व कप जीतने वाले सातवें सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए।
टूर्नामेंट का सर्वश्रेष्ठ बचाव
केप वर्दे के 40 वर्षीय गोलकीपर वोजिन्हा ने राउंड ऑफ 32 के मुकाबले में 73वें मिनट में लियोनेल मेस्सी की तेज फ्री किक को बायीं तरफ छलांग मारकर रोक दिया, जिससे स्कोर 1-1 बना रहा।
टूर्नामेंट की सबसे बड़ी गलती
राउंड ऑफ 16 में बेल्जियम के हाथों अमेरिका की 4-1 से हार में मैट फ्रीज़ से एक ऐसी चूक हुई जिसे गोलकीपरों के सबसे खराब प्रदर्शनों में गिना जाएगा। ब्रैंडन मेचेले ने अपने ही छोर से एक लंबा पास दिया। चार्ल्स डी केटेलेरे अमेरिकी डिफेंडर क्रिस रिचर्ड्स को पीछे छोड़ते हुए आगे बढ़े, तो फ्रीज़ अपनी लाइन से बाहर आ गए। वह गेंद पर नियंत्रण नहीं बना पाए और हैंस वनाकेन ने खाली नेट पर लगभग 30 गज की दूरी से गोल कर दिया।
सबसे खराब फाउल
वैंकूवर में 18 जून को ग्रुप चरण के मैच के 51वें मिनट में कतर के मिडफील्डर असीम मदीबो ने कनाडा के मिडफील्डर इस्माइल कोने की बाएं पांव की हड्डी तोड़ दी। मदीबो को लाल कार्ड दिखाया गया और उन पर पांच मैचों का प्रतिबंध लगा दिया गया। कोने की सर्जरी हुई और मदीबो उनसे अस्पताल में मिलने गए।
