Parivartini Ekadashi 2023: हिंदू धर्म में एकादशी की तिथि का विशेष महत्व है। ऐसा माना जाता है कि एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा करने से भक्तों को सौभाग्य और समृद्धि प्राप्त होती है। परिवर्तिनी एकादशी का व्रत भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी के दिन रखा जाता है। इस बार ये व्रत 25 सितंबर 2023 को सोमवार के दिन रखा जाएगा। इस दिन का व्रत करने से साधक की सारी मनोकामना पूरी होती है। इस दिन का व्रत करने से तमाम कष्टों से मुक्ति मिल जाती है। इसके साथ ही भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का आशीर्वाद भी साधक को प्राप्त होता है। आइए जानते हैं परिवर्तिनी एकादशी के दिन विष्णु भगवान के किस स्तोत्र का पाठ करना चाहिए। यहां पढ़ें विष्णु स्तोत्र।
विष्णु स्तोत्र
किं नु नाम सहस्त्राणि जपते च पुन: पुन: ।यानि नामानि दिव्यानि तानि चाचक्ष्व केशव: ।।1।।
मत्स्यं कूर्मं वराहं च वामनं च जनार्दनम् ।
गोविन्दं पुण्डरीकाक्षं माधवं मधुसूदनम् ।।2।।
पदनाभं सहस्त्राक्षं वनमालिं हलायुधम् ।
गोवर्धनं ऋषीकेशं वैकुण्ठं पुरुषोत्तमम् ।।3।।
विश्वरूपं वासुदेवं रामं नारायणं हरिम् ।
दामोदरं श्रीधरं च वेदांग गरुड़ध्वजम् ।।4।।
अनन्तं कृष्णगोपालं जपतो नास्ति पातकम् ।
गवां कोटिप्रदानस्य अश्वमेधशतस्य च ।।5।।
कन्यादानसहस्त्राणां फलं प्राप्नोति मानव: ।
अमायां वा पौर्णमास्यामेकाद्श्यां तथैव च ।।6।।
संध्याकाले स्मरेन्नित्यं प्रात:काले तथैव च ।
मध्याहने च जपन्नित्यं सर्वपापै: प्रमुच्यते ।।7।।
