Vastu Tips: वास्तु शास्त्र और ज्योतिष के अनुसार, घर का हर कोना ऊर्जा का केंद्र होता है और बॉथरूम जैसे स्थान पर गलत सामान रखने से नकारात्मक ऊर्जा का प्रकोप घर पर हो सकता है। बॉथरूम को वास्तु में जल तत्व का स्थान माना जाता है, जो सकारात्मक ऊर्जा को प्रभावित करता है। यदि यहां अनुपयुक्त वस्तुएं रखी जाती हैं, तो घर में आर्थिक तंगी, पारिवारिक कलह, स्वास्थ्य समस्याएं और दरिद्रता का प्रवेश हो सकता है। वास्तु शास्त्र के जानकारों के अनुसार, बॉथरूम में कुछ सामान रखना वर्जित है, क्योंकि ये नकारात्मक वाइब्स को आकर्षित करते हैं। आइए जानते हैं कि बाथरूम में क्या सामान नहीं रखना चाहिए?
धन या तिजोरी
बॉथरूम को वास्तु में 'अपवित्र' स्थान माना जाता है, जहां जल का प्रवाह निरंतर होता रहता है। यदि यहां धन रखा जाता है, जैसे नकदी, जेवर या तिजोरी, तो यह धन के अपव्यय का प्रतीक बन जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि जल तत्व धन को 'बहा' ले जाता है, जिससे घर में आर्थिक अस्थिरता आती है। इस कारण बाथरूम में जाने से पहले पैसे और सोने आदि के आभूषणों को बाहर ही रख दें।
ब्रोमेडेरीलियम प्लांट्स
कई लोग बॉथरूम को हरा-भरा बनाने के लिए पौधे रखते हैं, लेकिन ब्रोमेडेरीलियम जैसे पौधे वर्जित हैं। वास्तु शास्त्र में इन्हें नकारात्मक ऊर्जा का वाहक माना जाता है, जो पारिवारिक कलह बढ़ाते हैं। बॉथरूम की नमी इन्हें और सक्रिय बनाती है, जिससे स्वास्थ्य समस्याएं जैसे एलर्जी और तनाव उत्पन्न होता है। इसके बजाय, स्नेक प्लांट या पेपरमिंट जैसे सकारात्मक पौधे रखें, लेकिन इन्हें भी सीमित रखें। इससे घर में शांति बनी रहती है।
दर्पण के सामने दांत साफ करने का ब्रश
बॉथरूम के दर्पण के सामने ब्रश रखना वास्तु दोष उत्पन्न करता है। दर्पण ऊर्जा को परावर्तित करता है, और ब्रश जैसी वस्तु रखने से नकारात्मक ऊर्जा प्रतिबिंबित होकर वापस आती है, जो स्वास्थ्य को प्रभावित करती है। एक्सपर्ट्स के अनुसार, इससे दांतों की समस्या, सिरदर्द और त्वचा रोग हो सकते हैं। ब्रश को हमेशा कवर में रखें या अलमारी में बंद करें। दर्पण को साफ रखें और दक्षिण दिशा में न रखें। इससे स्वास्थ्य और ऊर्जा संतुलित रहती है।
कचरा या गंदा कपड़ा
बॉथरूम में कचरा रखना सबसे बड़ा वास्तु दोष है, क्योंकि यह स्थान पहले से ही 'अपवित्र' है। गंदे कपड़े या कचरा रखने से नकारात्मक ऊर्जा जमा हो जाती है, जो घर में दरिद्रता और कलह लाती है। वास्तु के अनुसार कचरा जल तत्व को दूषित करता है, जिससे आर्थिक हानि होती है। हमेशा कचरे को तुरंत बाहर निकालें और गंदे कपड़े को धोने की टोकरी में रखें। इससे सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बना रहता है।
घड़ी आदि गैजेट्स
बॉथरूम में घड़ी रखना समय के अपव्यय का प्रतीक है। वास्तु शास्त्र में घड़ी को सकारात्मक ऊर्जा का स्रोत माना जाता है, लेकिन बॉथरूम की ऊर्जा इसे प्रभावित करती है, जिससे कार्यों में देरी और आर्थिक हानि होती है। विशेष रूप से, यदि घड़ी रुक जाए तो यह दुर्भाग्य का संकेत है। घड़ी को लिविंग रूम या स्टडी रूम में रखें। इससे समय प्रबंधन बेहतर होता है और सफलता मिलती है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्रों पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
