Nag Panchami Ki Aarti In Hindi: हर साल सावन महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को नाग पंचमी का त्योहार मनाया जाता है। इस पर्व का हिंदू धर्म में विशेष महत्व माना गया है। इस साल नाग पंचमी 21 अगस्त को मनाई जा रही है। इस दिन कई लोग व्रत रख विधि विधान नागों की पूजा करते हैं। साथ ही नाग देवता का दूध से अभिषेक करते हैं। नाग पंचमी के दिन नाग देवता की आरती (Nag Devta Ki Aarti) करना अत्यंत शुभ होता है। यहां देखें नाग पंचमी की आरती (Nag Panchami Ki Aarti)।
नाग पंचमी की आरती (Nag Panchami Ki Aarti)
श्रीनागदेव आरती पंचमी की कीजै ।
तन मन धन सब अर्पण कीजै ।
नेत्र लाल भिरकुटी विशाला ।
चले बिन पैर सुने बिन काना ।
उनको अपना सर्वस्व दीजे।।
पाताल लोक में तेरा वासा ।
शंकर विघन विनायक नासा ।
भगतों का सर्व कष्ट हर लिजै।।
शीश मणि मुख विषम ज्वाला ।
दुष्ट जनों का करे निवाला ।
भगत तेरो अमृत रस पिजे।।
वेद पुराण सब महिमा गावें ।
नारद शारद शीश निवावें ।
सावल सा से वर तुम दीजे।।
नोंवी के दिन ज्योत जगावे ।
खीर चूरमे का भोग लगावे ।
रामनिवास तन मन धन सब अर्पण कीजै ।
आरती श्री नागदेव जी कीजै ।।
नाग पंचमी का महत्व (Nag Panchami Signifiacance)
नाग पंचमी के दिन नागों की पूजा की जाती है साथ ही उनकी सुरक्षा का संकल्प लिए जाता है। मान्यता है इस दिन नागों की पूजा करने से परिवार को सांपों के भय से मुक्ति मिल जाती है। जिनकी कुंडली में काल सर्प दोष होता है, उनके लिए नाग पंचमी की पूजा बेहद फलदायी साबित होती है।पौराणिक मान्यता है कि इस अवसर पर नागों की प्रतिमा का दूध से अभिषेक करने से जीवन में सुख-शांति आती है।
