Ketu Transit 2026 : 29 मार्च की सुबह 4 बजकर 49 मिनट पर केतु ने सिंह राशि में रहते हुए मघा नक्षत्र में प्रवेश कर लिया है। यह गोचर 20 अप्रैल को दोपहर 1 बजकर 40 मिनट तक और स्पष्ट प्रभाव में आ जाएगा। ज्योतिष में केतु को रहस्यमयी, अचानक बदलाव और कर्मफल देने वाला ग्रह माना जाता है, जबकि मघा नक्षत्र पितरों, परंपरा और अधिकार से जुड़ा होता है। ऐसे में यह गोचर कुछ राशियों के लिए मानसिक तनाव, करियर में उतार-चढ़ाव और रिश्तों में दूरी जैसी स्थितियां ला सकता है। आइए जानते हैं इस दौरान किन राशियों को सावधान रहने की जरूरत है और अशुभ प्रभाव से बचने के लिए क्या उपाय करने चाहिए।
मेष राशि
केतु का यह गोचर आपके पंचम भाव को प्रभावित कर रहा है, जिससे मन में अस्थिरता और निर्णय लेने में भ्रम की स्थिति बन सकती है। खासतौर पर प्रेम संबंधों में दूरी या गलतफहमियां बढ़ सकती हैं। स्टूडेंट्स के लिए भी यह समय थोड़ा ध्यान भटकाने वाला हो सकता है, जिससे पढ़ाई में फोकस कम हो सकता है। आर्थिक मामलों में जोखिम लेने से बचना चाहिए, क्योंकि अचानक नुकसान की संभावना बन सकती है। कार्यक्षेत्र में भी जल्दबाजी में लिया गया फैसला परेशानी दे सकता है।
उपाय: रोज सुबह भगवान गणेश को दूर्वा अर्पित करें और 'ॐ केतवे नमः' मंत्र का 108 बार जाप करें।
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए यह गोचर धन और वाणी से जुड़े दूसरे भाव को प्रभावित करेगा। इस दौरान खर्चों में अचानक वृद्धि हो सकती है और बचत पर असर पड़ सकता है। परिवार में छोटी-छोटी बातों पर विवाद होने की संभावना है, इसलिए अपनी वाणी पर नियंत्रण रखना बेहद जरूरी होगा। गलत शब्द आपके रिश्तों को प्रभावित कर सकते हैं।
उपाय: जरूरतमंद लोगों को कंबल या भोजन का दान करें और घर में नियमित रूप से धूप-दीप करें।
सिंह राशि
केतु आपकी ही राशि में गोचर कर रहा है, जिससे इसका सीधा असर आपके व्यक्तित्व और जीवन पर पड़ेगा। इस दौरान आपको आत्मविश्वास में कमी महसूस हो सकती है और मन में अजीब सा असंतोष बना रह सकता है। करियर में भी अस्थिरता या अचानक बदलाव देखने को मिल सकते हैं। आप जो सोचेंगे, वैसा परिणाम तुरंत नहीं मिलेगा, जिससे निराशा हो सकती है।
उपाय: प्रतिदिन सूर्य को जल अर्पित करें और 'आदित्य हृदय स्तोत्र' का पाठ करें, इससे आत्मबल बढ़ेगा।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए यह गोचर करियर और कार्यक्षेत्र से जुड़े दशम भाव में प्रभाव डाल रहा है। इस दौरान काम में अचानक बदलाव, दबाव या जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं। सीनियर्स के साथ मतभेद हो सकते हैं और आपके काम को सही पहचान मिलने में देरी हो सकती है। बिजनेस में भी उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
उपाय: हनुमान जी की पूजा करें और मंगलवार को हनुमान चालीसा का पाठ करें। इससे बाधाएं कम होंगी।
कुंभ राशि
कुंभ राशि के लिए केतु का यह गोचर सप्तम भाव को प्रभावित करेगा, जो विवाह और साझेदारी का भाव होता है। इस दौरान वैवाहिक जीवन में तनाव या दूरी की स्थिति बन सकती है। पार्टनरशिप में काम करने वालों को सावधानी बरतनी होगी, क्योंकि गलतफहमियों के कारण नुकसान हो सकता है। किसी भी फैसले में जल्दबाजी से बचें।
उपाय: सफेद वस्त्र दान करें और माता लक्ष्मी की पूजा करें, इससे संबंधों में मधुरता आएगी।
मीन राशि
मीन राशि वालों के लिए यह गोचर छठे भाव में हो रहा है, जिससे स्वास्थ्य और दैनिक जीवन पर असर पड़ सकता है। इस दौरान छोटी-छोटी बीमारियां परेशान कर सकती हैं और मानसिक तनाव भी बढ़ सकता है।कार्यस्थल पर विरोधियों से सावधान रहना होगा। कोई आपके खिलाफ षड्यंत्र कर सकता है, इसलिए सतर्क रहें और अपने काम पर फोकस रखें।
उपाय: रोजाना सुबह कुत्ते को रोटी खिलाएं और भगवान शिव का जलाभिषेक करें।
डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
