Ganesh Visarjan Vidhi, Mantra And Muhurat In Hindi (गणेश विसर्जन विधि, मंत्र और मुहूर्त): जिस तरह से गणेश चतुर्थी पर गणपति बप्पा का आगमन बड़े ही धूमधाम से किया जाता है। ठीक वैसे ही गणेश विसर्जन भी बड़े उत्साह और आनंद के साथ मनाया जाता है। इस अवसर पर लोग अपने घर में स्थापित की गई गणेश प्रतिमा को जल में प्रवाहित करते हैं और बप्पा से अगले बरस फिर आने की प्रार्थना करते हैं। अमूमन गणेश विसर्जन अनंत चतुर्दशी के दिन किया जाता है लेकिन कई लोग इससे पहले ही गणपति विसर्जन कर देते हैं। चलिए जानते हैं गणेश विसर्जन की विधि क्या है।
आज गणेश विसर्जन का टाइम 2024 (Aaj Ganesh Visarjan Ka Time 2024)
11 सितंबर को गणेश विसर्जन का समय शाम 07:57 से देर रात तक रहेगा।
गणेश विसर्जन कब है 2024 (Ganesh Visarjan 2024 Start Date And End Date)
गणेश विसर्जन गणेश चतुर्थी के दिन, इसके अगले दिन, तीसरे दिन, पांचवें दिन, सांतवें दिन और अनंत चतुर्दशी के दिन किया जा सकता है। यहां नोट कर लें गणपति विसर्जन की सभी तिथियां और मुहूर्त।
गणेश विसर्जन 2024 मुहूर्त (Ganesh Visarjan 2024 Muhurat)
| गणेश विसर्जन दिन | गणेश विसर्जन तारीख | प्रातः मुहूर्त | अपराह्न मुहूर्त | सायाह्न मुहूर्त | रात्रि मुहूर्त | उषाकाल मुहूर्त |
| पहला दिन | 7 सितंबर 2024 | 01:34 PM से 05:01 PM | 06:35 PM से 08:01 PM | 09:27 PM से 01:45 AM, सितम्बर 08 | 04:37 AM से 06:03 AM, सितम्बर 08 | |
| दूसरा दिन | 8 सितंबर 2024 | 01:52 PM से 03:26 PM | 06:34 PM से 10:53 PM | 01:45 AM से 03:11 AM, सितम्बर 09 | 04:37 AM से 06:03 AM सितम्बर 09 | |
| तीसरा दिन | 9 सितंबर 2024 | 06:03 AM से 07:37 AM, 09:11 AM से 10:44 AM | 01:52 PM से 06:33 PM | 06:33 PM से 07:59 PM | 10:52 PM से 12:18 AM, सितम्बर 10 | |
| चौथा दिन | 11 सितंबर 2024 | 10:44 AM से 12:17 PM | 03:24 PM से 06:31 PM | 07:57 PM से 12:18 ए एम, सितम्बर 12 | 03:11 AM से 04:38 AM, सितम्बर 12 | |
| पांचवां दिन | 13 सितंबर 2024 | 06:05 AM से 10:44 AM | 04:55 PM से 06:28 PM | 12:17 PM से 01:50 PM | 09:23 PM से 10:50 PM, 12:17 AM से 04:38 AM, सितम्बर 14 | |
| छठा दिन | 17 सितंबर 2024 | 09:11 AM से 01:47 PM | 03:19 PM से 04:51 PM | 07:51 PM से 09:19 PM | 10:47 PM से 03:12 AM, सितम्बर 18 |
गणेश विसर्जन विधि (Ganesh Visarjan Vidhi In Hindi)
- गणेश विसर्जन से पहले गणपति बप्पा की विधि विधान पूजा की जाती है।
- इसके लिए एक लड़की का पटरा लिया जाता है और उसे गंगाजल से पवित्र कर लिया जाता है।
- फिर उस पर सुंदर कपड़ा बिछाया जाता है।
- इसके साथ ही पटरे पर स्वास्तिक बनाकर उस पर अक्षत रखें जाते हैं।
- फिर इस पटरे पर गणेश जी की मूर्ति स्थापित की जाती है।
- इसके बाद गणेश जी की प्रतिमा के समक्ष घी का दीपक जलाया जाता है और उन्हें फूल माला पहनाई जाती है।
- साथ ही लड्डू और मोदक भी भगवान के साथ उस पटरे पर रख दिए जाते हैं।
- इसके बाद उन्हें विसर्जन वाली जगह पर ले जाया जाता है और विसर्जन से पहले उनकी विधि विधान आरती की जाती है।
- इसके बाद गणपति बप्पा मोरिया के जयकारों के साथ गणपति जी का विसर्जन कर दिया जाता है।
- साथ ही उनसें अगले बरस फिर आने की कामना की जाती है।
गणेश विसर्जन पर इन बातों का रखें ध्यान
गणेश विसर्जन से पहले पूजा के दौरान हुई गलतियों की क्षमा याचना करें। साथ ही बप्पा से अगले बरस फिर आने की प्रार्थना करें। विसर्जन के दिन काले कपड़े न पहनें।किसी को गलत शब्द ना कहें। अपनी वाणी पर नियंत्रण रखें।
