Chhath Puja Aarti Or Chhathi Maiya Aarti Lyrics In Hindi: इस साल छठ पूजा का प्रमुख दिन 19 नवंबर को है। इस दिन व्रत रखने वाले लोग पूरे दिन निर्जला व्रत रखेंगे फिर शाम में डूबते सूर्य को अर्घ्य देने के बाद छठी मैया की उपासना करेंगे। इस दिन छठी मैया को प्रसन्न करने के लिए छठ पूजा की व्रत कथा सुनने के साथ-साथ आरती भी जरूर करें। मान्यता है छठी मैया की आरती के बिना ये पूजा अधूरी मानी जाती है। यहां देखें छठ पूजा आरती के लिरिक्स।
Chhath Mata Ki Aarti Lyrics In Hindi (छठ मईया की आरती लिरिक्स)
जय छठी मईया ऊ जे केरवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए॥जय॥
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय।
ऊ जे नारियर जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए॥जय॥
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥जय॥
अमरुदवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए॥जय॥
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय।
शरीफवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए॥जय॥
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥जय॥
ऊ जे सेववा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए॥जय॥
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय।
सभे फलवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए॥जय॥
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥जय॥
इस दिन छठ मैया की आरती के साथ सूर्य भगवान की आरती भी जरूर करनी चाहिए। क्योंकि छठ पर्व छठी मैया के साथ-साथ सूर्य देव को भी समर्पित है। ऐसे में इन दोनों की इस दौरान विधि विधान पूजा जरूर करनी चाहिए।
