अध्यात्म

Aaj Ka Panchang 9 September 2024: भाद्रपद महीने की खष्ठी तिथि के दिन क्या होगा पूजा का शुभ मुहूर्त, यहां जानें पूरा पंचांग

Aaj Ka Panchang 9 September 2024: भाद्रपद महीने की शुक्ल पक्ष की खष्ठी तिथि के दिन सूर्योदय सुबह 5 बजकर 43 मिनट पर होगा। आज के दिन विशाखा नक्षत्र रहने वाला है। आइए जानें आज का पूरा पंचांग।

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Aaj Ka Panchang 9 September 2024

Aaj Ka Panchang 9 September 2024: भादव महीने की शुक्ल पक्ष की खष्ठी तिथि के दिन सूर्यास्त शाम को 6 बजकर 27 मिनट तक होगा। आज के दिन विशाखा नक्षत्र रहेगा। आज के दिन अभिजीत मुहूर्त 11 बजकर 52 मिनट से लेकर 12 बजकर 25 मिनट तक रहेगा। इस मुहूर्त में पूजा करना शुभ होगा। आज के दिन राहुकाल का समय प्रातःकाल 07:30 बजे से 09 बजे तक रहेगा। सोमवार के दिन पूर्व दिशा में यात्रा करने से बचें। इस दिशा में दिशा शूल रहने वाला है। अब जानिए आज का पूरा पंचांग।

Aaj Ka Panchang 9 September 2024 (आज का पंचांग 9 सितंबर 2024)

संवत-पिङ्गला विक्रम संवत 2081

माह-भाद्रपद ,शुक्ल पक्ष

तिथि- खष्ठी , व्रत- सोमवार व्रत

दिवस-सोमवार

सूर्योदय-05:43am

सूर्यास्त-06:27pm

नक्षत्र-विशाखा

चन्द्र राशि -तुला राशि,स्वामीग्रह-शुक्र 11:28 am के बाद वृश्चिक राशि,स्वामी ग्रह-मङ्गल

सूर्य राशि-सिंह ,स्वामी -सूर्य

करण- बालव

योग: - इंद्र

शुभ मुहूर्त

1अभिजीत-11:52am से 12:25 pm

2विजय मुहूर्त-02:24pm से 03:21 pm तक

3गोधुली मुहूर्त--06:21pm से 07:22 pm तक

4 ब्रम्ह मुहूर्त-4:09m से 05:01am तक

5अमृत काल-06:03am से 07;53am तक

6निशीथ काल मुहूर्त-रात्रि 11:51 से 12:29तक रात

संध्या पूजन-06:21 pm से 07:07pm तक

दिशा शूल - पूर्व दिशा। इस दिशा में यात्रा से बचें। दिशाशूल के दिन उस दिशा की यात्रा करने से बचते हैं,यदि आवश्यक है तो एक दिन पहले प्रस्थान निकालकर फिर उसको लेकर यात्रा करें।

अशुभ मुहूर्त

राहुकाल--प्रातःकाल 07:30 बजे से 09 बजे तक

क्या करें-आज गणेश उत्सव का तृतीय व्रत है। किसी भी कार्य के निर्विध्न रूप से पूर्ण करने वाले देवता गणेश जी हैं। यह व्रत सभी लोग रख सकते हैं। मोदक,मीठा, जल अन्न व वस्त्र का दान करें। कुछ संत निराजल व्रत रखते हैं।नियमित साप्ताहिक सोमवार व्रत रख सकते हैं। शिवपुराण का पाठ करें। आज आपका भोजन फलाहारी हो। कोई बड़ा धार्मिक अनुष्ठान कराएं। आज श्री सूक्त के पाठ का भी बहुत महत्व है। गणेश प्रतिमा जो घरों में स्थापित हो चुकी है उनकी विधिवत पूजा होती है। गणेश जी समस्त विध्नों का नाश करते हैं। गणपति उत्सव धूम धाम से मनाएं।

क्या न करें-माता की किसी बात की अवहेलना मत करें।चन्द्रमा माता का कारक ग्रह है।

Sujeet jee Maharaj
सुजीत जी महाराजauthor

सुजीत जी महाराज ज्योतिष और वास्तु विज्ञान एक्सपर्ट हैं जिन्हें 20 वर्षों का ज्योतिष, तंत्र विज्ञान का अनुभव हासिल हैं। 25000 से ऊपर लेख देश के कई बड़े पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुके हैं और कई बड़े पुरस्कार भी प्राप्त कर चुके हैं जिसमें ,एक अमेरिका के संस्था से भी प्राप्त है। यह गणित के साथ फलित ज्योतिष पर भी पकड़ रखते हैं और ज्योतिष के क्षेत्र में इन्हें कई सम्मान मिल चुके हैं।

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