Mars Transit 2026: 18 सितंबर 2026 की शाम 4 बजकर 44 मिनट पर मंगल कर्क राशि में प्रवेश करेंगे। वैदिक ज्योतिष में कर्क मंगल की नीच राशि मानी जाती है। मंगल अग्नि तत्व, साहस, ऊर्जा, भूमि, भाई, युद्ध और निर्णय क्षमता के कारक हैं, जबकि कर्क राशि मन, भावनाओं, परिवार और मानसिक सुरक्षा से जुड़ी है। ऐसे में मंगल की ऊर्जा यहां आने पर भावनाओं के प्रभाव में काम करने की प्रवृत्ति बढ़ती है। नीच राशि में मंगल का अर्थ यह नहीं है कि उसका गोचर हर व्यक्ति के लिए खराब रहेगा। असल परिणाम इस बात पर निर्भर करते हैं कि कर्क राशि कुंडली में किस भाव में पड़ रही है। चंद्र राशि से देखें तो कुछ राशि वालों को इस दौरान विशेष सावधानी रखनी होगी।
मेष राशि वालों के लिए कर्क राशि चौथा भाव है। यह भाव घर, माता, जमीन-जायदाद, वाहन और मानसिक शांति से जुड़ा होता है। नीच मंगल यहां पहुंचकर घरेलू मामलों में जल्दबाजी और गुस्सा बढ़ा सकता है। घर में छोटी बात पर विवाद, प्रॉपर्टी के मामले में तनाव और वाहन चलाते समय लापरवाही नुकसान का कारण बन सकती है। माता के स्वास्थ्य को लेकर भी सतर्क रहना जरूरी रहेगा। मंगलवार को हनुमान मंदिर में सिंदूर और चमेली का तेल चढ़ाएं तथा हनुमान चालीसा का पाठ करें।
मिथुन राशि वालों के लिए मंगल दूसरे भाव में गोचर करेंगे। यह भाव धन, परिवार, वाणी और बचत से संबंधित है। नीच मंगल के कारण गुस्से में बोले गए शब्द रिश्तों को खराब कर सकते हैं। परिवार में बहस और आर्थिक मामलों में जल्दबाजी परेशानी बढ़ाएगी। बिना सोचे खर्च करना या जोखिम वाला निवेश करना भी ठीक नहीं रहेगा। इस दौरान पैसों से जुड़े फैसलों में धैर्य रखना जरूरी है। अशुभ प्रभाव कम करने के लिए मंगलवार को मसूर की दाल या गुड़ का दान करें और दिन की शुरुआत हनुमान चालीसा के पाठ से करें।
कर्क राशि में ही मंगल नीच होकर प्रवेश करेंगे, इसलिए इस राशि वालों पर गोचर का सीधा प्रभाव पड़ेगा। प्रथम भाव में मंगल का आना ऊर्जा तो बढ़ाता है, लेकिन नीच स्थिति के कारण यह ऊर्जा चिड़चिड़ापन, गुस्से और बेचैनी के रूप में सामने आ सकती है। छोटी बातों पर प्रतिक्रिया देने से रिश्तों में तनाव बढ़ेगा। स्वास्थ्य के मामले में जल्दबाजी, चोट और रक्तचाप जैसी समस्याओं को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। मंगलवार को हनुमानजी को गुड़-चने का भोग लगाएं और लाल मसूर का दान करें।
धनु राशि वालों के लिए कर्क आठवां भाव बनता है। आठवां भाव अचानक होने वाले बदलाव, बाधा, गुप्त मामले, दुर्घटना और अनिश्चित परिस्थितियों से जुड़ा है। नीच मंगल यहां खर्च बढ़ाने के साथ कामकाज में अचानक रुकावट और तनाव दे सकता है। इस दौरान वाहन चलाते समय सावधानी रखें और जल्दबाजी में किसी दस्तावेज या आर्थिक समझौते पर हस्ताक्षर न करें। ससुराल पक्ष या संयुक्त धन से जुड़े मामलों में भी विवाद से बचना होगा।मंगलवार को हनुमानजी के सामने चमेली के तेल का दीपक जलाएं और जरूरतमंद को लाल कपड़े या मसूर दाल का दान करें।
मकर राशि वालों के लिए कर्क सातवां भाव है। यह विवाह, जीवनसाथी, बिजनेस पार्टनर और पब्लिक डीलिंग का भाव माना जाता है। मंगल की नीच स्थिति इस क्षेत्र में गुस्सा और टकराव बढ़ा सकती है। दांपत्य जीवन में छोटी बातों को तूल देने से विवाद बढ़ेंगे। बिजनेस पार्टनर के साथ पैसों या फैसलों को लेकर मतभेद की स्थिति बन सकती है। कोर्ट-कचहरी या कॉन्ट्रैक्ट से जुड़े मामलों में जल्दबाजी से बचना जरूरी रहेगा। अशुभ प्रभाव से बचने के लिए मंगलवार को हनुमान चालीसा का पाठ करें और अपने क्रोध पर नियंत्रण रखते हुए किसी भी महत्वपूर्ण रिश्ते में तुरंत प्रतिक्रिया देने से बचें।
यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।