भारत में तो दिवाली के अवसर पर सार्वजनिक छुट्टी होती है और इस दिन पूजा पाठ के साथ ही मेहमानों का स्वागत किया जाता है। चलिए उन 6 देशों के बारे में जानते हैं जहां भारत की तरह ही भव्य तरीके दिवाली का पर्व मनाया जाता है।
सिंगापुर में दीपावली के अवसर पर सार्वजनिक अवकाश होता है। यहां के इंडियन हेरिटेज सेंटर और लिटिल इंडिया में रोशनी का पर्व देखने लायक होता है। यहां की सड़कों पर सांस्कृतिक कार्यक्रम, पारंपरिक संगीत और डांस सिंगापुर में भारत की सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है।
मलेशिया में भी दिवाली के अवसर पर सार्वजनिक अवकाश होता है। विशेषतौर पर जहां भारतीयों की तादात ज्यादा है, जैसे क्वालालंपुर और पेनांग में त्योहार की रौनक अलग ही होती है। यहां लोग मंदिरों में जाते हैं, परिवार इकट्ठा होते हैं और सड़कों पर भी त्योहार की झलक देखने को मिलती है। यहां भारतीय मिठाइयों की मिठास और तेल के दीयों की रोशनी से अंधेरा छंट जाता है।
दिवाली पर फिजी में सार्वजनिक अवकाश होता है। इंडो-फिजियन समुदाय इस पर्व को बड़े ही धूम-धाम से मनाता है। इस दिन फिजी में मंदिरों में जाना और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेना रिवाज का हिस्सा है। आसमान में आतिशबाजी देखकर एहसास ही नहीं होता कि यह भारत से हजारों किलोमीटर दूर कोई दूसरा देश है।
मॉरिशस में बड़ी संख्या में हिंदू आबादी रहती है और दिवाली के दिन यहां सार्वजनिक अवकाश होता है। इस दिन घरों और बिल्डिंगों को लाइट्स से सजाया जाता है। पारंपरिक तरीके से लोग मंदिरों में जाते हैं, पारिवारिक मिलन होता है और आपस में मिठाइयां बांटते हैं।
अमेरिका में दुनियाभर से आकर लोग रहते हैं। यहां भले ही पूरे देश में दिवाली पर छुट्टी न होती हो, लेकिन दिवाली का त्योहार बड़े ही धूम-धाम से मनाया जाता है। कनेक्टिकट में स्कूल और कल्चरल सेंटर कार्यक्रमों का आयोजन करते हैं। रोशनी के पर्व पर यहां खूब रोशनी की जाती है और पारंपरिक भारतीय पकवान भी बनते हैं।
पड़ोसी देश श्रीलंका में दिवाली के अवसर पर हिंदू आबादी वाले क्षेत्रों में सार्वजनिक अवकाश होता है। इस दिन लोग मंदिरों में जाते हैं, पारिवारिक मिलन के साथ ही सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। घरों में लड़ियां और तेल के दीये जलाए जाते हैं। आपस में मिठाई बांटकर त्योहार की खुशियां बांटी जाती हैं।