इस लिस्ट में सबसे पहला नाम आता है आईएएस अधिकारी गौरव बुड़ानिया का। गौरव ने साल 2020 के यूपीएससी एग्जाम में 13वीं रैंक हासिल की थी। राजस्थान के चुरू से ताल्लुक रखने वाले गौरव सामान्य परिवार से आते हैं। पहले उन्होंने IRS बन 12वीं रैंक हासिल की और फिर वे डीएम बन गए।
गंगा सिंह राजपुरोहित ऐसे आईएएस अधिकारी हैं, जिन्होंने सिविल सर्विसेज परीक्षा में 33वीं रैंक हासिल की थी। उनका ऑप्शनल सब्जेक्ट हिंदी साहित्य था। NCERT की बुक्स से उन्होंने अपनी तैयारियां की थीं। वे कहते हैं कि इंसान को धैर्य बनाए रखना चाहिए।
गौरव सिंह अग्रवाल ऐसे आईएएस अधिकारी हैं, जिनकी जर्नी काफी स्ट्रगल भरी रही है। उन्होंने 46वीं रैंक के साथ आईएएस की कठिन परीक्षा पास की थी। इससे पहले वे IPS अधिकारी बने थे।
बुलंदशहर के रहने वाले आईएएस गौरव कुमार सिंघल यूपी के बुलंदशहर के रहने वाले हैं। उन्होंने यूपीएससी एग्जाम में 31वीं रैंक हासिल की थी। वे पूरी जर्नी के दौरान मेंटल हेल्थ के ख्याल को बेहद जरूरी मानते हैं।
बेहद साधारण परिवार से आने वालीं अनुराधा पाल के पिता दूध बेचते थे। उन्होंने साल 2012 में आईएएस परीक्षा में 451वीं रैंक हासिल की थी। इसके बाद साल 2015 में उन्होंने फिर से पेपर दिया और उनकी 62वीं रैंक आई।
विनोद कुमार मीणा एक ऐसे अधिकारी हैं, जिन्होंने सोशल मीडिया से परे रहकर पढ़ाई की और यूपीएससी में 135वीं रैंक हासिल की। साल 2023 में वे आईएएस अधिकारी बन गए थे मगर इससे पहले पांच बार उन्होंने असफलता का स्वाद चखा था।