UP Transfer Policy:उत्तर प्रदेश कैबिनेट से तबादला नीति को मिली मंजूरी

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jun 14, 2022, 07:51 PM IST

UP transfer policy: भारत सरकार द्वारा घोषित आकांक्षी जिला योजना से सम्बन्धित जनपदों एवं बुन्देलखण्ड के समस्त जनपदों में तैनाती करके संतृप्तीकरण किये जाने की व्यवस्था की गयी है।

 UP Transfer Policy:उत्तर प्रदेश कैबिनेट से तबादला नीति को मिली मंजूरी

लखनऊ: यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में तबादला नीति 2022 को मंजूरी दे दी गई है। इसकी जानकारी सरकारी प्रवक्ता ने दी। उन्होंने बताया कि इस नीति के तहत 15 से 30 जून तक तबादले किए जाएंगे। यह नीति वर्ष 2022-23 के लिए है। इसके तहत समूह क और ख के अधिकारियों द्वारा जनपद में तीन वर्ष और मंडल में सात वर्ष पूरे होने पर स्थानांतरण की व्यवस्था की गई है।

उन्होंने बताया कि समूह 'क' एवं 'ख' के स्थानान्तरण संवर्गवार कार्यरत अधिकारियों/कर्मचारियों की संख्या के सापेक्ष अधिकतम 20 प्रतिशत एवं समूह 'ग' एवं 'घ' के संवर्गवार कार्यरत कार्मिकों की संख्या के अधिकतम 10 प्रतिशत तक की सीमा तक किये जा सकेंगे। समूह 'ख' एवं 'ग' के कार्मिकों के स्थानान्तरण यथासंभव मेरिट बेस्ड ऑनलाइन ट्रांसफर सिस्टम के आधार पर किये जाने की व्यवस्था की गयी है। समूह 'ग' के कार्मिकों के पटल परिवर्तन-क्षेत्र परिवर्तन विषयक शासनादेश दिनांक 13 मई, 2022 को कड़ाई से अनुपालन किये जाने की व्यवस्था की गयी है।

प्रवक्ता के अनुसार प्रदेश में बीहड़/बंजर/जल भराव क्षेत्रों के सुधार एवं उपचार हेतु पं0 दीनदयाल उपाध्याय किसान समृद्धि योजना (वर्ष 2022-23 से वर्ष 2026-27 तक) के क्रियान्वयन का निर्णय लिया है। योजना का संचालन प्रदेश के समस्त 74 जनपदों (जनपद गौतमबुद्धनगर को छोड़कर) प्रस्तावित है। मंत्रिपरिषद ने योजना में किसी प्रकार के परिवर्तन/संशोधन के लिए मुख्यमंत्री को अधिकृत किया है।

योजनान्तर्गत चयनित परियोजना क्षेत्र के समस्त कृषक एवं कृषक मजदूर योजना के लाभार्थी के रूप में प्रस्तावित हैं। परियोजना क्षेत्र के चयन में उन क्षेत्रों को प्राथमिकता दिया जाना प्रस्तावित है, जहां लघु-सीमान्त कृषकों, अनुसूचित जाति व जनजाति कृषकों एवं भू-आवंटी की अधिकता होगी।मंत्रिपरिषद ने उत्तर प्रदेश फार्मास्यूटिकल उद्योग नीति-2018 (यथासंशोधित) के प्रस्तर-12.5 के तहत केन्द्र सरकार की योजना के अन्तर्गत स्वीकृत 'मेडिकल डिवाइस पार्क' में स्थापित होने वाली इकाईयों को दिये जाने वाले प्रोत्साहन सम्बन्धी प्रस्ताव को अनुमोदित किया है।

इसके साथ ही उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक द्वारा नाबार्ड से ऋण आहरित करने हेतु शासन द्वारा नाबार्ड के पक्ष में वर्ष 2022-23 के लिए 1000 करोड़ की शासकीय गारण्टी स्वीकृत की गई है। 765 केवी उपकेन्द्र मेरठ से सम्बन्धित 400 के.वी एवं 220 के.वी लाइनों की लागत के पुनरीक्षण की मंजूरी मिली है। पीलीभीत बाघ संरक्षण फाउंडेश के गठन के संबंध में मंत्रिपरिषद ने वन्य जीव (संरक्षण) अधिनियम-1972 (यथा संशोधित, 2006) की धारा-38(ग) में निहित प्राविधानों के अंतर्गत पीलीभीत टाइगर रिजर्व फाउंडेशन का संगम ज्ञापन एवं पीलीभीत बाघ संरक्षण फाउंडेशन की नियमावली के अनुरूप पीलीभीत बाघ संरक्षण फाउंडेशन का गठन किये जाने और फाउंडेशन के संबंध में अन्य निर्णय लेने हेतु मुख्यमंत्री को अधिकृत किये जाने का निर्णय लिया है।

मंत्रिपरिषद ने उत्तर प्रदेश विधान सभा एवं विधान परिषद् के वर्तमान सत्र का सत्रावसान तात्कालिक प्रभाव से कराने के प्रस्ताव को अनुमोदित कर दिया है। इसके साथ ही पुराने बकाया कर से आच्छादित वाहनों पर देय शास्ति में शत-प्रतिशत छूट प्रदान किये जाने हेतु 'एकमुश्त शास्ति समाधान योजना-2022' को मंजूरी मिली है।
 

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