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सर्दियों में ऐश्वर्या राय सा चमकेगा चेहरा, आयुर्वेदाचार्य ने बताया बेहद आसान नुस्खा

आयुर्वेदाचार्य बताते हैं कि सुबह खाली पेट या रात को सोने से पहले 1 छोटा चम्मच देसी घी और 5 से 10 ग्राम गुड़ मिलाकर खाना चाहिए। चाहें तो गुड़ को घी में गर्म करके या फिर सीधे दोनों को साथ में खा सकते हैं।

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सर्दियों में ऐश्वर्या राय सा चमकेगा चेहरा, आयुर्वेदाचार्य ने बताया बेहद आसान नुस्खा (Photo: Aishwarya insta)

ठंड का मौसम अपने साथ कुछ समस्याओं को भी ले आता है। सर्दी-जुकाम, जोड़ों में दर्द, त्वचा का रूखापन और कमजोरी जैसी समस्याएं ठंड के मौसम में आम बात हैं। हालांकि, इन सबकी काट है घी-गुड़ का कॉम्बिनेशन।

भारत सरकार का आयुष मंत्रालय बताता है कि घी-गुड़ का सेवन सर्दियों में होने वाली समस्याओं का आसान और प्राकृतिक इलाज है। यह पुराना नुस्खा शरीर को अंदर से गर्म रखता है, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है और सर्दियों में होने वाली ज्यादातर परेशानियों से बचाता है।

आयुर्वेद में घी-गुड़ खाने के कई फायदे बताए गए हैं। इसके रोजाना सेवन से पाचन तंत्र मजबूत होता है, कब्ज दूर रहती है और पेट साफ रहता है। इम्युनिटी बढ़ती है। इससे सर्दी-खांसी और संक्रमण से शरीर सुरक्षित रहता है। कफ और बलगम कम होता है, गले की खराश में राहत मिलती है। खून साफ होता है, जिससे चेहरे पर प्राकृतिक निखार आता है और त्वचा रूखी नहीं पड़ती। फेफड़े और हृदय का डिटॉक्स होता है, सांस की तकलीफ कम होती है।

यही नहीं माइग्रेन और सिर दर्द के मरीजों के लिए भी यह बेहद फायदेमंद है। हड्डियों व जोड़ों को कैल्शियम और मिनरल्स मिलते हैं। शरीर का तापमान संतुलित रहता है, ठंड कम लगती है। गुड़ में आयरन और घी में हेल्दी फैट होने से तुरंत एनर्जी मिलती है और थकान दूर होती है।

अब सवाल उठता है कि इसका सेवन रोजाना कितना करना चाहिए? आयुर्वेदाचार्य बताते हैं कि सुबह खाली पेट या रात को सोने से पहले 1 छोटा चम्मच देसी घी और 5 से 10 ग्राम गुड़ मिलाकर खाना चाहिए। चाहें तो गुड़ को घी में गर्म करके या फिर सीधे दोनों को साथ में खा सकते हैं।

यह साधारण सा नुस्खा सर्दियों में शरीर को गर्म, मजबूत और संतुलित बनाता है। लेकिन डायबिटीज के मरीजों को डॉक्टर की सलाह पर ही इसका सेवन करना चाहिए।

(इनपुट-आईएएनएस)

Suneet Singh
सुनीत सिंहauthor

सुनीत सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में डिप्टी न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और लाइफस्टाइल सेक्शन में स्पेशल स्टोरीज प्रोजेक्ट का नेतृत्व कर रहे हैं। टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों के अनुभव के साथ, सुनीत उन बहुमुखी पत्रकारों में शामिल हैं जिन्होंने न्यूजरूम और फील्ड—दोनों मोर्चों पर खुद को साबित किया है। माइक, कैमरा और एडिटिंग डेस्क तीनों से उनकी सहज जुगलबंदी ने उन्हें एक संतुलित और विश्वसनीय मीडिया प्रोफेशनल के रूप में स्थापित किया है। पिछले 10 वर्षों से सुनीत लाइफस्टाइल, लिटरेचर, सिनेमा और संस्कृति से जुड़ी गहन व विश्लेषणात्मक स्टोरीज लिखते रहे हैं और अबतक 12,000 से अधिक आर्टिकल पब्लिश कर चुके हैं। उनकी लेखन शैली गहराई, मौलिक दृष्टिकोण और रिसर्च-आधारित प्रस्तुति से पहचानी जाती है। वे विषयों की बारीकियों को पकड़कर उन्हें सरल, प्रभावी और पाठकों से जुड़ने वाली भाषा में ढालने में दक्ष हैं।

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