Veer Savarkar quotes in Hindi: भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में अपना अमूल्य योगदान देने वाले राष्ट्रवादी नेता श्री विनायक दोमादर सावरकर (Vinayak Damodar Savarkar) उर्फ वीर सावरकर जी ने अपना जीवन हिंदू, हिंदी और हिंदुस्तान के नाम दिया था। नासिक के एक छोटे से गांव में जन्में श्री वीर सावरकर का जीवन आज तक कई लोगों के लिए प्रेरणास्त्रोत बना हुआ है। उनके जीवन का सच जनता के बीच पेश करने के लिए खास फिल्म (Veer Savarkar Movie) भी बनाई गई है। स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं बल्कि वीर सावरकर जी एक महान लेखक, वकील और समाज सुधारक भी थे। त्याग, तप और तत्व की मूरत माने जाने वाले वीर सावरकर जी ने अपने जीवन काल में एक धर्म, एक भगवान, जाति और हिंदूवाद से जुड़े कई नारे दिए हैं। देश के लिए उनके अमूल्य बलिदानों और विचारधाराओं को याद करते हुए यहां पढ़े वीर सावरकर जी (Veer Savarkar Quotes in Hindi) के राजनीतिक विचार, कोट्स इन हिंदी।
वीर सावरकर कोट्स , Veer Savarkar Hindi Quotes
1. देश हित में सर्वस्व त्याग की भावना ही सच्ची देशभक्ति है,
और जिस व्यक्ति में लालच की भावना होती है
वह देश हित में निर्णय नहीं ले सकता
2. संघर्ष की तपती धरा से बचने के लिए,
हम शीतल व आसान मार्ग चुनते हैं,
और बस यही हमें पतन के मार्ग तक पहुंचाती है..

Veer Savarkar Shayari
3. देश की खातिर जीने और देश की खातिर ही मरने की भावना
जिस व्यक्ति में नहीं है वह व्यक्ति मृत के समान है
4. अगर आप वास्तव में स्वतंत्र रहना चाहते हैं,
तो कोई भी आपको गुलाम नहीं बना सकता, बस आपको अपनी पहचान को कभी धूमिल नहीं होने देना है..
10 Lines on Veer Savarkar
5. कष्ट ही तो वह चाक शक्ति है जो इंसान को कसौटी पर परखती है और उसे आगे बढ़ाती है।

Veer Savarkar Punyatithi
6. मनुष्य की संपूर्ण शक्ति का मूल,
केवल उसकी खुद की अनुभूति में ही विद्यमान होता है।
7. संघर्ष ही पुरुषार्थ की पहचान होती है,
इसे कभी कम मत होने दो अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए संघर्ष और पुरुषार्थ का वरण करते रहो

Veer Savarkar Quotes
8. सावरकर माने तेज,
सावरकर माने त्याग,
सावरकर माने तप,
सावरकर माने तत्व,
सावरकर माने तर्क,
सावरकर माने तारुण्य,
सावरकर माने तीर,
सावरकर माने तलवार
9. अगर आपका लक्ष्य महान है,
तो उस लक्ष्य को प्राप्त करने की राह में किया गया कोई भी बलिदान व्यर्थ नहीं जाता है।
10. अपने देश की, राष्ट्र की, समाज की आजादी के लिए प्रभु से की गई मूक प्रार्थना भी सबसे बड़ी अहिंसा का द्योतक है।
