Balendra Shah Viral Song Lyrics in Hindi: बालेंद्र शाह के रूप में नेपाल को अपना नया प्रधानमंत्री मिल गया है। 35 वर्षीय शाह ने रामनवमी के खास मौके पर पीएम पद की शपथ ली। उनका नाम नेपाल के सबसे युवा प्रधानमंत्री के तौर पर दर्ज हो चुका है। नेपाल में पिछले साल हुए जेन जी आंदोलन के दौरान बालेंद्र शाह अचानक से नायक के तौर पर उभरे और आज नेपाल का प्रधानमंत्री बन पूरी दुनिया में सुर्खियां बटोर रहे हैं।
नेपाल की राजधानी काठमांडू के गैर गाउन में सन 1990 में जन्मे बालेंद्र शाह के पिता राम नारायण शाह आयुर्वेद के डॉक्टर हैं और मां का नाम ध्रुवदेवी शाह है। बालेंद्र शाह राजनीति में आने से पहले इंजीनियर थे। किशोर उम्र में ही बालेंद्र को रैप म्युजिक गाने का शौक चढ़ गया। देखते-देखते वह नेपाल के मशहूर रैपर बन गए। बालेंद्र शाह के कई गाने पूरे नेपाल में काफी लोकप्रिय रहे हैं। जैसे- आम नेपाली बुबा, पुलिस पत्रिकार, नेपाल हासेको। शाह के इन गानों में नेपाल की सामाजिक और राजनीतिक स्थिति पर करारी टिप्पणी है।
सितंबर 2025 में जब नेपाल Gen Z आंदोलन की आग में जल रहा था तब बालेंद्र शाह का एक पुराना रैप खूब वायरल हुआ था। इस रैप सॉन्ग को नेपाल के लोगों ने खूब शेयर किया। ये सारी चीजें बालेंद्र शाह को नेपाल का नया नायक बनने की तरफ इशारा भी कर रही थीं।
बालेंद्र शाह के इस रैप में सिस्टम पर करारा प्रहार था। उन्होंने अपने देश के नेताओं को चोर भी कहा था। उनका ये रैप कहता है नेता और बड़े लोग आम जनता की गरीबी पर राजनीति करते हैं लेकिन खुद शानो-शौकत में जीते हैं। गरीब की आवाज कोई नहीं सुनता, उसके लिए कोई बोलने वाला नहीं है। आइए पढ़ते हैं बालेंद्र शाह के उसी मशहूर रैप के लिरिक्स हिंदी में:
देश की रक्षा करने वाले सब बेवकूफ हैं नेता सब चोर हैं,
देश लूट चुके हैं माँ की साड़ी में ही कटु सोच रखते हैं
खाने का समय एक, करने का समय अलग-अलग है
नंगे, बेइज्जत, नावाबाद सभी मिलकर देश को खाते और बांटते हैं
हम हमेशा चिलिम (बेवजह की आदत) फूंकते जैसे मामलों को बिगाड़ते हैं
सस्ती साड़ी, महंगी गाड़ी.
कानून-कायदे को बेइज्जत करके बेवकूफ़ बना देते हैं
महिलाओं में कुंवारी को बचाने वाले बलात्कारी
गाड़ी में पहचान छुपाकर लूटते रहते हैं हम
बाढ़ में बीमारियों को फैलाने वाला वही पानी
देश के कर्मचारी, शक्तिशाली सरकारी
30 हजार वेतन, 30 घर
बीच बाज़ार की सड़क में पचास खड्डे छोड़ देते हैं
जैसे कि जेब भारी, बैंक खाली, सात तह अधिकारी
कौन भरेगा सात समुद्र पार देश की सारी उधारी?
गाय को पत्थर पर बिठाया, मोई (संबंध) नहीं, मोई नहीं
गरीब की चमेली, बोल देने वाला कोई नहीं
गरीब की बोल देने वाला कोई नहीं, कोई नहीं
गरीब की चमेली, बोल देने वाला कोई नहीं...
(यह लिरिक्स नेपाली से हिंदी में गूगल ट्रांसलेट की गई हैं)
