Corona Vaccination Dry Run: वैक्सीनेशन से पहले चार राज्यों में होगा रिहर्सल, आखिर क्या है ड्राइ रन

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 25, 2020, 04:41 PM IST

कोरोना वैक्सीन को लगाए जाने से पहले सरकार ने चार राज्यों में ड्राइ रन करने जा रही है ताकि किसी भी तरह की खामियों को दुरुस्त करने में मदद मिल सके

कोविड-19 टीकाकरण की व्यवस्थाओं के आकलन के लिए पंजाब,असम, आंध्र प्रदेश और गुजरात में 28-29 दिसंबर को पूर्वाभ्यास  की तैयारी की है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इस अभ्यास के तहत टीके की आपूर्ति, जांच रसीद और आवंटन से संबंधित ऑनलाइन मंच कोविन पोर्टल में आवश्यक डेटा डालना, दल के सदस्यों की तैनाती, टीका स्थलों पर जांच लाभार्थियों के साथ छद्म अभ्यास, रिपोर्टिंग और शाम को बैठक आदि होंगे।

इन सबकी होगी पड़ताल
मंत्रालय ने बताया कि इसके तहत कोविड-19 टीके के प्रशीतन भंडारों , उसके ढुलाई का इंतजाम, टीका स्थल पर भीड़ का प्रबंधन , एक दूसरे के बीच दूरी बनाने की व्यवस्था आदि को भी परखा जाएगा। सरकार का मानना है कि इस तरह के अभ्यास से पता चल सकेगा कि जब बड़े पैमाने पर टीकाकरण शुरू होगा को किस तरह की मुश्किलों का सामना करने के साथ साथ उनसे कैसे निपटा जाएगा। 




 हर राज्य के दो जिलों में, खासकर पांच अलग-अलग टीका केंद्रों- जैसे जिला अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, शहरी केंद्र, निजी अस्पताल, ग्रामीण पहुंच केंद्र के लिए यह पूर्वाभ्यास संबंधी योजना बनाएगा। पंजाब के लुधियाना और शहीद भगत सिंह नगर को कोविड वैक्सीनेशन के ड्राइ रन के लिए चुना गया है। लुधियाना के डिप्टी कमिश्नर वी. शर्मा ने बताया कि यहां टीकाकरण के लिए 805 सर्विस लोकेशन तय किए गए हैं।

ड्राइ रन के पीछे क्या है मकसद 
इस अभ्यास से कोविड-19 टीके को जुटाने और टीकाकरण की जांच प्रक्रिया, क्षेत्र में कोविन के उपयोग, नियोजन, क्रियान्वयन, रिेपोर्टिंग के बीच तालमेल, चुनौतियों की पहचान, वास्तविक क्रियान्वयन के बारे मे मार्गदर्शन, यदि किसी सुधार की जरीरत हो तो उसे चिह्नित करना, आदि का पता चलेगा। ’’ मंत्रालय ने इस संबंध में एक जांच सूची तैयार की है जिसे अभ्यास के दौरान मार्गदर्शन के लिए चारों राज्यों के साथ साझा किया गया है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)


End of Article