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छत्रपति शिवाजी महाराज ने स्वशासन दिखाया, गुलामी की मानसिकता को खत्म किया, राज्याभिषेक की 350वीं वर्षगांठ बोले पीएम मोदी

  • Authored by: रामानुज सिंह
  • Updated Jun 2, 2023, 11:39 AM IST

Chhatrapati Shivaji Maharaj coronation 350th anniversary: छत्रपति शिवाजी महाराज के राज्याभिषेक की 350वीं वर्षगांठ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि छत्रपति शिवाजी हमें प्रेरित करते रहते हैं। वह बहादुरी और साहस के प्रतीक हैं।

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छत्रपति शिवाजी महाराज के राज्याभिषेक की 350वीं वर्षगांठ पर बोले पीएम मोदी

Photo : Twitter

Chhatrapati Shivaji Maharaj coronation 350th anniversary: छत्रपति शिवाजी महाराज के राज्याभिषेक की 350वीं वर्षगांठ पर पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह दिन पूरे महाराष्ट्र में एक त्योहार की तरह मनाया जाता है। जब छत्रपति शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक हुआ था, तब इसमें स्वराज का नारा और राष्ट्रवाद का जयघोष था। छत्रपति शिवाजी हमें प्रेरित करते रहते हैं। वह बहादुरी और साहस के प्रतीक हैं और उन्होंने हमें स्वशासन दिखाया। उन्होंने गुलामी की मानसिकता को समाप्त किया। शिवाजी एक महान सैनिक होने के साथ-साथ एक महान प्रशासक भी थे। छत्रपति शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक दिवस नई चेतना, नई ऊर्जा लेकर आया है। छत्रपति शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक उस काल का एक अद्भुत और विशेष अध्याय है। राष्ट्रीय कल्याण और लोक कल्याण उनके शासन के मूल तत्व रहे हैं। मैं आज छत्रपति शिवाजी महाराज के चरणों में कोटि-कोटि नमन करता हूं।

हमेशा भारत की एकता और अखंडता को सर्वोपरि रखा

पीएम मोदी ने कहा कि उन्होंने हमेशा भारत की एकता और अखंडता को सर्वोपरि रखा। आज 'एक भारत-श्रेष्ठ भारत' के विजन में शिवाजी महाराज के विचारों का ही प्रतिबिंब देखा जा सकता है। सैंकड़ों वर्षों की गुलामी ने देशवासियों से उनका आत्मविश्वास छीन लिया था, ऐसे समय में लोगों में आत्मविश्वास जगाना एक कठिन कार्य था। उस दौर में छत्रपति शिवाजी महाराज ने ना केवल आक्रमणकारियों का मुकाबला किया बल्कि जन मानस में ये विश्वास भी कायम किया कि स्वयं का राज संभव है।

स्वराज की स्थापना और सुराज भी कायम किया

छत्रपति शिवाजी महाराज का व्यक्तित्व अद्भुत था। उन्होंने स्वराज की भी स्थापना और सुराज को भी कायम किया। वो अपने शौर्य के लिए भी जाने जाते हैं और अपने सुशासन के लिए भी। उन्होंने राष्ट्र निर्माण का एक व्यापक विजन भी सामने रखा। उन्होंने शासन का लोक कल्याणकारी चरित्र लोगों के सामने रखा।

छत्रपति शिवाजी महाराज आज भी उतनी ही प्रासंगिक

पीएम मोदी ने कहा कि उनके कार्य, शासन प्रणाली और नीतियां आज भी उतनी ही प्रासंगिक हैं। उन्होंने भारत के सामर्थ्य को पहचान कर जिस तरह से नौसेना का विस्तार किया वो आज भी हमें प्रेरणा देता है। ये हमारी सरकार का सौभाग्य है कि छत्रपति शिवाजी महाराज से प्रेरणा लेकर पिछले साल भारत ने गुलामी के एक निशान से नौसेना को मुक्ति दे दी। अंग्रेजी शासन की पहचान को हटा कर शिवाजी महाराज की राज-मुद्रा को जगह दी है।

हमें आगे बढ़ने का मार्ग दिखा रहे हैं उनके स्थापित मूल्य

पीएम मोदी ने कहा कि इतने वर्ष के बाद भी उनके द्वारा स्थापित किए गए मूल्य हमें आगे बढ़ने का मार्ग दिखा रहे हैं। इन्हीं मूल्यों के आधार पर हमने अमृत काल के 25 वर्षों की यात्रा पूरी करनी है। यह यात्रा होगी शिवाजी महाराज के सपनों का भारत बनाने की। यह यात्रा होगी स्वराज, सुशासन और आत्म निर्भरता की... यह यात्रा होगी विकसित भारत की।

रामानुज सिंह
रामानुज सिंह author

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल ... और देखें

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