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चीन से तनाव के बीच सीमा के पास वाले गांवों में है सबकुछ नॉर्मल, लोग बोले- सेना संभाल लेगी

भारत-चीन सीमा पर तनाव को लेकर कांग्रेस, मोदी सरकार पर हमलावर दिखी है। कांग्रेस का कहना है कि चीन युद्ध की तैयारी कर रहा है और भारत सरकार इसे इग्नोर कर रही है। कांग्रेस इस मामले को लेकर संसद में चर्चा की मांग भी कर रही है। वहीं बीजेपी पलटवार में कांग्रेस पर आरोप लगा रही है कि वो सेना के मनोबल को कमजोर कर रही है।

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सीमा के नजदीक वाले गांवों में सबकुछ है नॉर्मल

भारत-चीन सीमा पर तनाव के बीच टाइम्स नाउ नवभारत की टीम जब बॉर्डर के नजदीक वाले इलाके में पहुंची तो वहां सबकुछ नॉर्मल दिखा। वहां इस तनाव का शायद ही कोई असर है। लोगों का मानना है कि भारतीय सेना चीन को संभाल लेगी, इसलिए उन्हें परेशान होने की जरूरत नहीं है।

ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्रम में टाइम्स नाउ नवभारत की टीम 13000 फीट की ऊंचाई पर मौजूद तवांग की संगतसर लेक के पास पहुंची। यहां ठंड इतनी है कि पानी बर्फ में तब्दील हो चुका है। यहां पर्यटकों की भीड़ भी दिखी। बर्फ और लेक यहां पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र हैं।

इस लेक से लगभग 12 किलोमीटर आगे चीन का बॉर्डर है। यहां आने वालों का मानना है कि भारतीय सेना चीन का सामना पूरी मजबूती के साथ कर रही है और सेना को सियासत में नहीं घसीटा जाना चाहिए।

यहां काम कर रहे असम के एक शख्स ने कहा- "यहां तो ऐसा कुछ नहीं है, सारा कुछ नॉर्मल ही है। न्यूज से और सुनने को मिला कि सीमा पर कुछ तनाव चल रहा है, लेकिन हमें कुछ फर्क नहीं पड़ा है। हम नॉर्मल जैसे पहले काम करते थे, वैसे ही कर रहे हैं। कोई समस्या नहीं है।"

एक अन्य शख्स ने कहा- "हमारी सेना मुस्तैदी से टिकी हुई है और हमारी सेना अच्छे से जवाब दे रही है उनको। यहां सबकुछ नॉर्मल है। यहां से 12 किलोमीटर आगे ही चीन की सीमा है, लेकिन यहां कोई समस्या नहीं है।"

बता दें कि तवांग सेक्टर में 9 दिसंबर को चीनी सैनिक भारत की सीमा घुसने की कोशिश कर रहे थे, जिन्हें भारतीय सेना ने मारकर भगा दिया था। इस झड़प में कुछ सैनिक घायल भी हो गए थे।

Shivani Sharma
शिवानी शर्माauthor

19 सालों के पत्रकारिता के अपने अनुभव में मैंने राजनीति, सामाजिक सरोकार और रक्षा से जुड़े पहलुओं पर काम किया है। सीमाओं पर देश के वीरों का शौर्य, आत्मनिर्भर होती भारत की सेनाओं का साहस और रक्षा मंत्रालय की हर हलचल के साथ ही रूस-यूक्रेन युद्ध को नज़दीक से देखा, समझा और रिपोर्ट किया है। विषमताओं को पार कर वास्तविक नियंत्रण रेखा पर 19,300 फीट पर दुनिया के सबसे ऊँचे पास पर पहुँचने वाली पहली पत्रकार होने का गौरव प्राप्त किया। Times Now नवभारत पर रक्षा क्षेत्र से जुड़ी ऐसी महत्वपूर्ण खबरें लाना मेरी कोशिश है जो आपको सिर्फ सच बताएं।

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